सोनीपत। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेंद्र की कोर्ट ने किशोरी को बहकाकर ले जाने के आरोपी को दोषी करार देते हुए पांच साल कैद की सजा सुनाई है। उस पर पांच हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। दोषी पर पॉक्सो का भी आरोप लगा था लेकिन वह साबित नहीं हो सका।
खरखौदा थाना क्षेत्र के व्यक्ति ने 7 अक्तूबर, 2024 को पुलिस को बताया था कि उनकी साढ़े 17 साल की बेटी देर रात से घर से लापता है। उन्होंने अपने स्तर पर तलाश की लेकिन पता नहीं चला। उन्होंने शक जताया था उनके क्षेत्र का रहने वाला मंजीत उनकी बेटी को बहकाकर ले गया है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया था। पुलिस ने 12 अक्तूबर, 2024 को लड़की को बरामद कर लिया था। मामले में 4 पॉक्सो एक्ट भी जोड़ा गया था। मामले की जांच करते हुए तत्कालीन एसीपी की टीम ने आरोपी मंजीत को 14 अक्तूबर को गिरफ्तार कर लिया गया था। आरोपी को अदालत के आदेश पर जेल भेज दिया गया था।
मामले की सुनवाई के बाद एएसजे नरेंद्र ने आरोपी मंजीत को बीएनएस 96 (नाबालिग को यौन शोषण की कोशिश के लिए बहकाकर ले जाना) व 137 (अपहरण) का दोषी करार दिया। उसे बहकाकर ले जाने की धारा में पांच साल कैद व तीन हजार रुपये जुर्माना तथा अपहरण में तीन साल कैद व दो हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। जुर्माना राशि में चार हजार रुपये पीड़ित को देने के आदेश किए हैं। दोनों सजा एक साथ चलेंगी।