सोनीपत। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश नरेंद्र ने किशोरी से छोड़खानी के आरोपी को दोषी करार देते हुए उसे पांच साल की कैद की सजा सुनाई है। वहीं शिकायत मिलने पर पीड़िता को धमकाकर चुप कराने मामले में पीड़िता की मां व उसके परिचित को दोषी करार देते हुए दोनों को दो-दो साल कैद की सजा सुनाई है।
मुरथल थाना क्षेत्र के निवासी व्यक्ति ने 27 अप्रैल 2024 को पुलिस को बताया था कि उनकी पत्नी अक्सर उनके एक रिश्तेदार के पास जाती थी। उनकी पत्नी के रिश्तेदार से गलत संबंध हो गए थे। उनका बेटा मार्च में चोट लगने से घायल हो गया था जिसे लेकर वह खानपुर अस्पताल में चले गए थे।
घर पर उनकी दो बेटियां व बेटा थे। 23 मार्च 2024 की रात उनकी पत्नी, अपने परिचित सुखबीर व उसके रिश्तेदार पवन के साथ घर आए थे। रात को वह उनके घर में सो गए। रात को जींद निवासी पवन ने उनकी बेटी के साथ छेड़खानी की। विरोध करने पर उसने बेटी को मुझे मारने की धमकी दी।
जब बेटी ने सुबह मामले से अपनी मां को बताया तो उसने व उसके रिश्तेदार व पवन ने उनकी बेटी को ही धमका दिया। बाद में 26 अप्रैल, 2024 को उनकी पत्नी बिना बताए घर से चली गई। इसके बाद उनकी बेटी ने उसे मामले की जानकारी दी। जिस पर उन्होंने पुलिस को शिकायत देकर मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
मामले की सुनवाई के बाद एएसजे नरेंद्र ने जींद निवासी को छेड़खानी का दोषी करार दिया है। उसे पांच साल कैद की सजा सुनाई है। अदालत ने पीड़िता की मां व उसके परिचित को भी दोषी करार देते हुए दो-दो साल कैद की सजा सुनाई है। अदालत ने पवन पर 12 हजार रुपये व पीड़िता की मां व उसके रिश्तेदार को छह हजार रुपये जुर्माना लगाया है। अदालत ने जुर्माना राशि में से 12 हजार रुपये पीड़िता को देने के आदेश दिए हैं।