सोनीपत के गांव राई में ऑटो के अंदर मिली नवजात के साथ गांव की महिला। संवाद
राई। गांव राई में ममता को शर्मसार करने का मामला सामने आया है। जन्म से महज दो से तीन दिन की ही मासूम को बेसहारा छोड़ दिया गया। नवजात को गांव राई के शिव मंदिर के सामने ऑटो चालक की सीट पर लिटाया गया था। समय रहते मंदिर में बाबा को चाय देने आई महिला की नजर मासूम पर पड़ गई वरना मासूम की जान भी जा सकती थी। नवजात को नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया गया। उसकी हालत ठीक है। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है।
गांव राई निवासी ओमदेवी ने राई थाना पुलिस को बताया कि वह शनिवार को दोपहर दो बजे गांव के मंदिर में बाबा को चाय देने गई थी। जब वह मंदिर के बाहर पहुंची तो वहां एक ऑटो खड़ा था। उन्होंने देखा कि एक बच्चा रो रहा था। उन्होंने देखा कि चालक की सीट पर बच्ची को लिटाया गया था। उन्होंने बच्ची को उठाकर सीने से लगाया और आस-पास बच्चे के मां-बाप की जानकारी ली, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिल सकी। उन्होंने अपने भतीजे नवीन को इस बारे में सूचना दी। जिसके बाद पुलिस को बताया गया। पुलिस ने बच्ची को बरामद कर नागरिक अस्पताल में भर्ती कराया। पुलिस ने मामले में अज्ञात पर मुकदमा दर्ज कर लिया है।
लालन-पालन नहीं करने को छोड़ी बच्ची
महिला का आरोप है कि बच्ची को माता-पिता ने लालन-पालन नहीं करने के उद्देश्य से इस बच्ची को मंदिर के बाहर लावारिस छोड़ दिया है। महिला ने मामले में कार्रवाई की मांग की है।
मासूम का चेहरा देख छलके आंसू
मासूम का प्यारा चेहरा देखकर उसे बचाने वाली महिला ने उसे गला लिया और उनकी आंखों से भी आंसू छलक गए। उन्होंने प्यार से नवजात को दुलारा तो उसने रोना बंद कर दिया। उनकी जुबान से निकला कि कैसी मां थी जो इतनी प्यारी बच्ची को जन्म देने के बाद यूं बेसहारा हालत में छोड़ दिया। अगर बच्ची सीट से गिर जाती तो उसकी जान तक जा सकती थी।