सोनीपत। गांव टांडा के युवक ने शस्त्र लाइसेंस बनवाने व उनके साले को विदेश भेजने के नाम पर लाखों की ठगी करने का आरोप लगाया है। आरोप है कि उनके साथ उनके सात साथियों के शस्त्र लाइसेंस बनवाने के नाम पर रुपये लिए गए। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है।
गांव टांडा निवासी प्रहलाद ने सिविल लाइन थाना पुलिस को बताया कि मूलरूप से यमुनानगर हॉल गुरुग्राम निवासी रोहित से उनकी मुलाकात कच्चे क्वार्टर बाजार में गांव के हरीश के माध्यम से हुई थी। रोहित ने उन्हें बताया था कि वह केएमपी रोड झज्जर में पेट्रोल पंप बना रहे हैं। वह उसे वहां नौकरी दिलवा सकता है। इसके लिए शस्त्र लाइसेंस बनवाने की बात कही थी। उसने लाइसेंस बनवाने के लिए 50 हजार रुपये लिए। बाद अलग-अलग बहाने से कुल 12 लाख रुपये ले लिये। इतना ही नहीं उनके साले राहुल को कनाडा भेजने के नाम पर साढ़े चार लाख रुपये लिए। बाद में आरोपी ने नांगल कलां के कपिल, भूपेंद्र सिंह, दिल्ली के रोहिणी निवासी प्राशन, परांजल और सरिता सोलंकी, पानीपत के प्रदीप और जोगिंदर से भी शस्त्र अधिनियम के नाम पर प्रत्येक से 3.5 लाख रुपये की ठगी की।
आरोपी बोला पुलिस से उसके संपर्क
पीड़ित का आरोप है कि जब उसने पुलिस वेरिफिकेशन नहीं होने की बात कही तो आरोपी ने कहा था कि उसकी पुलिस में बड़ी पहचान है। किसी वेरिफिकेशन की जरूरत नहीं है। उसने शस्त्र लाइसेंस की आवेदन पर्ची भी दी। बाद में पता लगा कि वह फर्जी थी। उसके जिले का नाम तक गायब था। पर्ची पर कोई बारकोड भी नहीं था। बाद में आरोपी के चालक से जानकारी ली तो उसने बताया कि वह अक्सर ऐसे ही ठगी करता है। इस पर सिविल लाइन थाना में मुकदमा दर्ज कराया।
शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। गहनता से जांच कर ठोस कार्रवाई की जाएगी।
- इंस्पेक्टर सतबीर सिंह, थाना प्रभारी, सिविल लाइन सोनीपत