जुरासिक पार्क पर सील लगाने की कार्रवाई करते निगम कर्मी
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सोनीपत। नगर निगम ने प्रॉपर्टी टैक्स जमा नहीं करने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए प्रॉपर्टी सील करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। जिसमें सबसे बड़ा झटका जुरासिक पार्क को लगा है जो निगम का 61 लाख 85 हजार 778 रुपये दबाए बैठा था और वह पिछले कई साल से प्रॉपर्टी टैक्स जमा नहीं कर रहा था। जहां शुक्रवार को दोबारा से नगर निगम के अधिकारी व कर्मी पहुंचे और जुरासिक पार्क पर सील लगाने के साथ ही बकाया प्रॉपर्टी टैक्स का नोटिस चस्पा किया गया। वहां निगम कर्मियों व जुरासिक पार्क वालों के बीच इसको लेकर नोकझोंक हुई और प्रॉपर्टी टैक्स गलत होने का आरोप लगाया। इसके साथ ही जुरासिक पार्क की ओर से कार्रवाई होते ही 15 लाख का चेक थमा दिया गया, लेकिन सील नहीं खोली गई। निगम के ज्वाइंट कमिश्नर ने यह भी साफ कर दिया कि चार लाख से ज्यादा के एक हजार बकाएदारों की सूची तैयार की गई और इन सभी की प्रॉपर्टी सील की जाएगी। इन सभी की सील तभी खोली जाएगी, जब प्रॉपर्टी टैक्स का पूरा रुपया जमा करा दिया जाएगा। इस तरह निगम के बकाएदारों में हड़कंप मच गया है।
नगर निगम ने वित्तीय वर्ष 2019-20 में 20 करोड़ रुपये का प्रॉपर्टी टैक्स वसूलने का लक्ष्य निर्धारित किया था। जिसके लिए शहरी स्थानीय निकाय विभाग की ओर से 31 जनवरी तक शहर के लोगों को अपने बकाया प्रॉपर्टी टैक्स जमा करवाने पर ब्याज की छूट दी गई है। इसके बावजूद अभी तक नगर निगम के खाते में केवल लगभग 9 करोड़ रुपये जमा हो सके हैं। जिसको देखते हुए ही नगर निगम ने सबसे बड़े 100 बकाएदारों की लिस्ट बनाई है, जिनकी प्रॉपर्टी सील करनी शुरू कर दी गई है। निगम के 14 करोड़ 41 हजार 611 रुपये दबाकर बैठे राई औद्योगिक क्षेत्र स्थित अनंतराज ग्रुप, 1 करोड़ 34 लाख 10 हजार 635 रुपये प्रॉपर्टी टैक्स जमा नहीं कराने पर धर्मवती स्कूल, 61 लाख 85 हजार 778 रुपये प्रॉपर्टी टैक्स बकाएदार जुरासिक पार्क, 54 लाख 30 हजार 934 रुपये प्रॉपर्टी टैक्स जमा नहीं कराने पर दीवान पैलेस को सील किया गया था। इनमें से जुरासिक पार्क को सील करने के साथ ही नोटिस चिपकाने को नगर निगम कर्मी शुक्रवार को भी वहां पहुंचे। जहां पिछले कई साल से प्रॉपर्टी टैक्स जमा नहीं करने वाले जुरासिक पार्क के सील करते हुए मालिकों तक में हड़कंप मच गया और निगम के बिल्डिंग इंस्पेक्टर आनंद किशोर को 15 लाख रुपये का चेक दिया। उसके बावजूद भी जुरासिक पार्क की सील नहीं खोली गई तो वहां निगम अधिकारियों व कर्मियों के साथ जुरासिक पार्क वालों ने नोंकझोंक शुरू कर दी। उसके बाद भी सील नहीं खुली तो जुरासिक पार्क वालों ने कोर्ट में जाने की धमकी दी। लेकिन नगर निगम अधिकारियों ने साफ कर दिया कि प्रॉपर्टी टैक्स पूरा देने के बाद ही सील खोली जाएगी। इस तरह जुरासिक पार्क अभी सील लगने के कारण बंद रहेगा और यह सील टैक्स जमा करने के बाद ही खुल सकेगी। अगर टैक्स जमा नहीं किया जाता है तो नीलामी की कार्रवाई भी की जाएगी।
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ज्वाइंट कमिश्नर ने बताया कि निगम का रुपया दबाने वाला कोई नहीं छोड़ा जाएगा : ज्वाइंट कमिश्नर
नगर निगम के ज्वाइंट कमिश्नर शंभू राठी का कहना है कि पहले कई बार प्रॉपर्टी टैक्स जमा करने के लिए नोटिस भेजा गया था, लेकिन उसके बावजूद कोई भी टैक्स जमा नहीं करा रहा था। इस कारण ही प्रॉपर्टी टैक्स दबाकर बैठने वालों के खिलाफ कड़ा कदम उठाते हुए कार्रवाई करनी पड़ी। उन्होंने बताया कि पूर्व विधायक देवराज दीवान के होटल दीवान पैलेस का बकाया प्रॉपर्टी टैक्स जमा जल्द कराने के लिए कहा गया है तो जुरासिक पार्क का अभी केवल 15 लाख रुपये का चेक दिया गया है। ज्वाइंट कमिश्नर ने बताया कि ऐसी 1000 प्रॉपर्टी चिह्नित की गई है, जिनपर 4 लाख रुपये से ज्यादा बकाया है। उन सभी का टैक्स जमा नहीं हुआ तो उनको सील किया जाएगा और यह कार्रवाई जारी रहेगी।