अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश विमल सपरा की अदालत ने भारत केसरी पहलवान को गोली मारकर घायल करने के मामले में तीन आरोपियों को दोषी करार दिया है। अदालत ने तीनों दोषियों को पांच-पांच साल कैद और 25-25 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। जुर्माना नहीं देने पर नौ माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
गांव रायपुर निवासी अजय कुमार ने 28 अगस्त, 2016 को सिटी थाना पुलिस को बताया था कि वह पहलवानी करते हैं। वह भारत केसरी का खिताब जीत चुके हैं। वह 27 अगस्त, 2016 की रात को अपने परिचित सुनील से मिलने मुरथल अड्डे के पास गए थे। साथ में दोस्त प्रदीप व अमित भी थे। अजय ने बताया था कि सुनील के भाई आशीष ने उससे छह लाख रुपये लिए थे। जिसकी एक किस्त डेढ़ लाख रुपये उन्हें देनी थी। वह पैसे लेने गए थे। वहां पर लेनदेन को लेकर सुनील से उनकी कहासुनी हो गई थी। इसी बीच दो अज्ञात युवक आए और अजय की पीठ में गोली मारकर भाग गए थे। अजय पर गोली चलाने वाले दोनों हमलावरों की तस्वीर सीसीटीवी में दिखाई दे रही थी। मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने 3 आरोपियों को काबू कर लिया था। उनकी पहचान दिल्ली के नांगलोई की जेजे कॉलोनी निवासी सुरेंद्र उर्फ सागर, दिल्ली के गांव कराला निवासी मुनीष व सोनीपत की धानक बस्ती के कोट मोहल्ला निवासी सुनील के रूप में हुई थी।
मामले में सुनवाई करते हुए एएसजे विमल सपरा की अदालत ने तीनों को दोषी करार दिया। अदालत ने सोमवार को मामले में सजा सुनाते हुए तीनों को भादंसं की धारा 307 में पांच साल कैद व 20 हजार रुपये जुर्माना तथा अवैध शस्त्र अधिनियम में तीन साल कैद व 5 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने पर नौ माह अतिरिक्त कैद की सजा भुगतनी होगी।