फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सामान्य अस्पताल का आरोपी डाक्टर गिरफ्तार, डेढ़ लाख लेकर करता था पोस्टमार्टम, सात अन्य डाक्टरों पर शक

विज्ञापन
विज्ञापन
कैंसर पीड़ितों का बीमा कराकर मौत के बाद में हादसा दिखाकर क्लेम लेने के मामले में एसटीएफ ने सोनीपत सामान्य अस्पताल के डॉक्टर अंबुज जैन को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी डॉक्टर को अदालत में पेश कर तीन दिन के रिमांड पर लिया है। आरोप है कि वह कैंसर पीड़ितों की मौत के बाद उसे हादसा दिखाने के लिए पोस्टमार्टम करता था। वह एक पोस्टमार्टम के लिए डेढ़ लाख रुपये लेता था। आरोपी को हिमाचल के नाहन से गिरफ्तार किया है। आरोपी की गिरफ्तारी से सामान्य अस्पताल के सात डाक्टरों पर संलिप्तता का शक गहरा गया है। साथ ही डॉक्टर पर सोनीपत के साथ ही रोहतक व बहादुरगढ़ के डॉक्टरों से भी इसके लिए सेटिंग करने का शक है।
विज्ञापन

विदित रहे कि बीमा कंपनी के पदाधिकारी ने पुलिस अधिकारियों को शिकायत दी थी कि कुछ लोग कैंसर पीड़ित की मौत के बाद उसे सड़क हादसा दिखाकर करोड़ों रुपये का क्लेम हड़प लेते हैं। जिस पर एसटीएफ की सोनीपत इकाई ने 19 अप्रैल को गिरोह के तीन सदस्यों को पकड़ा था। जिसमें सरगना गांव सेवली निवासी पवन, रिंढाना निवासी मोहित और गुमाना निवासी विकास थे। बाद में सुमित, सामान्य अस्पताल सोनीपत के कंप्यूटर आपरेटर गांव रोहट निवासी प्रदीप, प्रमोद, बारोटा चौकी में नियुक्त हवलदार अशोक, कैंसर पीड़ित पत्नी की मौत के बाद उसका क्लेम ले चुके आरोपी बेरी गांव निवासी चांद, मूलरूप से हिसार के गांव धर्मखेड़ी फिलहाल रोहतक के सेक्टर-2 का रहने वाले पदम खर्ब, धर्मखेड़ी के रहने वाले नरेश व लिवासपुर के रहने वाले जोनी सरोहा को काबू किया था। पदम खर्ब के गांव के रहने वाले हिसार के सामान्य अस्पताल के डाक्टर अमित को गिरफ्तार किया था। अब एसटीएफ की टीम ने सामान्य अस्पताल के डॉक्टर अंबुज जैन को गिरफ्तार कर लिया है। मामले में मुख्य आरोपियों में शामिल अंबुज जैन की गिरफ्तारी के लिए एसटीएफ दो माह से प्रयास कर रही थी। उसे हिमाचल के नाहन से पकड़ा गया था। आरोपी को अदालत में पेश कर तीन दिन के रिमांड पर लिया गया है।
सोनीपत के सात डाक्टरों की संलिप्तता का शक
आरोपी अंबुज जैन की गिरफ्तारी के बाद एसटीएफ की पूछताछ में सामने आया है कि वह एक पोस्टमार्टम के लिए डेढ़ लाख रुपये लेता था। सरगना पवन से डॉक्टर अंबुज जैन के लिए कंप्यूटर आपरेटर प्रदीप ने डील की थी। उसके माध्यम से ही रुपये लिए जाते थे। डॉक्टर की गिरफ्तारी के बाद सामान्य अस्पताल के सात डाक्टरों पर शक गहरा गया है। पुलिस उनकी भूमिका का पता लगा रही है।
विज्ञापन

रोहतक और बहादुरगढ़ के डाक्टरों से कराई थी सेटिंग
एसटीएफ की जांच में सामने आया है कि आरोपी अंबुज जैन ने सोनीपत के डाक्टरों के साथ ही कैंसर पीड़ितों की मौत के बाद उसे हादसा दिखाने को रोहतक और बहादुरगढ़ के डाक्टरों से सेटिंग कराई थी। पुलिस टीम अब उन डाक्टरों का भी पता लगाएगी। रिमांड के दौरान उन डाक्टरों के नाम सामने लाने के साथ ही पोस्टमार्टम के बदले ली गई रकम को भी बरामद किया जाएगा।
पहले झारखंड और बाद में हिमाचल में ली शरण
गिरफ्तार आरोपी डाक्टर अंबुज जैन को नाम सामने आने के दो माह बाद पकड़ा जा सका है। पहले उन्होंने कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका लगा दी। सेशन कोर्ट से याचिका खारिज होने के बाद वह अपनी ससुराल झारखंड जाकर छुप गया था। वहां भी पकड़े जाने का भय होने पर वह हिमाचल पहुंच गया। हिमाचल में वह अपने साथ एमबीबीएस की पढ़ाई करने वाले डाक्टरों के पास रहा। जहां से पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया है।
कैंसर पीड़ित की मौत को हादसा दिखाकर क्लेम लेने के मामले में सोनीपत सामान्य अस्पताल के डाक्टर को गिरफ्तार किया है। उस पर एक पोस्टमार्टम के लिए डेढ़ लाख रुपये लेकर कैंसर पीड़ित की मौत को हादसे में मौत दिखाने का आरोप है। उसे तीन दिन के रिमांड पर लिया है। पूछताछ में कई तथ्य सामने आने की उम्मीद है। -शमशेर सिंह, डीएसपी क्राइम ब्रांच।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें