सोनीपत। वार्षिक परीक्षाओं को लेकर विद्यार्थियों के साथ ही शिक्षक व अभिभावकों में भी तनाव बढ़ जाता है। इसी तनाव को कम करने और परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को परीक्षा पर चर्चा कार्यक्रम के आठवें संस्करण में सफलता के मंत्र दिए। प्रधानमंत्री ने विद्यार्थियों, शिक्षकों व अभिभावकों से भी बातचीत की और वार्षिक परीक्षाओं के तनाव को दूर किया। उन्होंने विद्यार्थियों को तनाव न लेने, भरपूर नींद लेने, लिखने की आदत डालने की सलाह दी। साथ ही विद्यार्थियों के प्रश्नों का उत्तर देते हुए उनकी शंकाओं का भी समाधान किया। उन्होंने विद्यार्थियों को शंकाएं छोड़ निर्णायक बनने की सलाह दी।
परीक्षा पर चर्चा कार्यक्रम का आयोजन सभी स्कूलों में किया, जिसके लिए शिक्षा विभाग की तरफ से पहले ही निर्देश दे दिए थे। कार्यक्रम सुबह 11 बजे शुरू हुआ। कार्यक्रम डिजिटल बोर्ड, एजुसेट, सभी टीवी चैनलों व डिजिटल मीडिया पर लाइन दिखाया गया। स्कूलों में डिजिटल बोर्ड पर कक्षा 6 से 12 तक के विद्यार्थियों को लाइव प्रसारण दिखाया गया। जिलास्तर पर मुख्य कार्यक्रम मुरथल अड्डा स्थित पीएमश्री राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में किया गया। यहां विद्यार्थियों के लिए बड़ी स्क्रीन लगाई गई थी। कार्यक्रम में सोनीपत खंड शिक्षा अधिकारी मंजू गर्ग पहुंची, उन्होंने परीक्षा पर चर्चा कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तरफ से विद्यार्थियों के साथ की गई वार्ता व सवाल-जवाबों को दर्शक बनकर सुना। इसके बाद उन्होंने विद्यार्थियों को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक घंटे के कार्यक्रम में बच्चों को खुला आसमान देने व अच्छी लेखनी के साथ तनावपूर्ण माहौल से दूर रहकर परीक्षा देने की सराहनीय बात कही है। इसका सभी पालन कर सफलता प्राप्त कर सकते हैं। विद्यार्थी प्रधानमंत्री का सीधा प्रसारण देख व सुनकर उत्साहित नजर आए।
स्कूल प्राचार्य सुमन बाला ने कार्यक्रम के बाद विद्यार्थियों को प्रधानमंत्री की दी गई सीख को अपनाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में भाजपा प्रवक्ता नरेंद्र भारती व सरस्वती स्कूल प्रबंधक विकास ने बतौर अतिथि शिरकत की। कार्यक्रम के बेहतर संचालन में योगिता, रितुराज, दर्शना, मीनाक्षी, रेखा, सुनीता, विष्णु दत्त, अमित, विनय व सुरेंद्र ने अहम भूमिका निभाई।
विद्यार्थियों ने साझा किए अनुभव
कार्यक्रम के बाद विद्यार्थियों ने कहा कि वार्षिक परीक्षा को लेकर तनाव था, वहीं मन में भी कई प्रकार की उलझनें थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सहज तरीके से मन की शंकाओं को दूर किया। उन्होंने समय के सही सदुपयोग करने, लीडरशिप की भावना के साथ आगे बढ़ने, सम्मान मांगने नहीं कमाने के लिए प्रेरित किया। इसके अलावा लिखने की आदत को बढ़ाने की बात कही। साथ ही कहानियों व उदाहरणों के माध्यम से परीक्षाओं के लिए शुभकामनाएं भी दी।
विद्यार्थियों से हटेगा तनाव : नवीन गुलिया
जिला शिक्षा अधिकारी नवीन गुलिया ने कहा कि फरवरी माह में बोर्ड कक्षाओं की वार्षिक परीक्षाएं शुरू हो रही हैं। इसको लेकर विद्यार्थियों व अभिभावकों के साथ शिक्षकों में भी तनाव है। परीक्षा पर चर्चा कार्यक्रम से तनाव दूर होगा और विद्यार्थी बेहतर तरीके से परीक्षा की तैयारी कर सकेंगे।