गोहाना। सरकारी राशन डिपो धारकों के लिए लाइसेंस देने की प्रणाली में आयु सीमा हटे और न्यूनतम मासिक वेतन 30 हजार देने की मांग को लेकर बुधवार को डिपो धारकों ने वाल्मीकि चौक के पास रोष प्रकट किया। साथ ही सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। उन्होंने सरकार को चेताया कि यदी 15 जनवरी तक मांगे पूरी नहीं हुई तो वह अनिश्चितकाल के लिए हड़ताल पर चले जाएंगे।
डिपो धारक सुरेंद्र मलिक ने बताया कि सरकारी राशन डिपो धारकों के लिए लाइसेंस देने की प्रणाली में आयु सीमा हटे और न्यूनतम मासिक वेतन देने की मांग को लेकर वह विरोध कर रहे हैं। उन्होंने मांग की है कि राशन डिपो धारक के 65 या 70 वर्ष की आयु सीमा के बाद भी अन्य राज्यों की तर्ज पर अपना डिपो चलाने की अनुमति मिले अथवा अपने आश्रित या रिश्तेदार को स्थानांतरित करने की अनुमति दी जाए। स्वास्थ्य की स्थिति अनुसार आयु सीमा 60 वर्ष से बढ़ाकर 70 वर्ष आयु सीमा निर्धारित की जाए। 70 वर्ष की आयु के बाद सभी उम्रदराज राशन डिपो धारकों की सेवानिवृत्ति पर 20 हजार रुपये प्रति माह पेंशन भत्ता सुविधा दी जाए। जिन डिपो धारकों ने कोरोना काल में जान गंवाई, उनके आश्रितों को 50 लाख रुपये मुआवजा दिया जाए।