दिल्ली के जंतर-मंतर पर कुश्ती संघ के तत्कालीन अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ आंदोलन करने वाले पहलवान बजरंग पूनिया के खिलाफ सोनीपत के प्रशिक्षक ने मानहानि का केस किया है। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने पूनिया को 6 सितंबर को अदालत में पेश होकर अपना पक्ष रखने के लिए कहा है। बजरंग पूनिया इस समय विदेश में कुश्ती का अभ्यास कर रहे हैं।
सोनीपत के गांव सिसाना निवासी कुश्ती कोच नरेश दहिया दिल्ली के शाहबाद में अखाड़ा चलाते हैं। उनका कहना है कि दिल्ली के जंतर मंतर पर आंदोलनरत बजरंग पूनिया व अन्य पहलवानों ने उनके खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। उन पर जिस मामले को लेकर टिप्पणी की गई अदालत उनको उस मामले में बरी कर चुकी है।
बजरंग की टिप्पणी से उनकी छवि धूमिल हुई है। इसके बाद उनके अखाड़े में कुश्ती सीखने के लिए आने वाले कई प्रशिक्षु पहलवान अखाड़ा छोड़कर जा चुके हैं। उनकी टिप्पणी की वजह से उन्हें काफी नुकसान हो रहा है। दहिया ने दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में शिकायत दायर की थी। अदालत ने अब बजरंग पूनिया को 6 सितंबर को अदालत में पेश होने के आदेश दिए हैं।
नरेश दहिया ने कहा कि दिल्ली में चल रहे धरने में वह शामिल नहीं हुए थे। उनका बृजभूषण शरण के साथी कोई संबंध नहीं है। वह उनसे एक-दो बार मिले हैं तो वह भी किसी अन्य के काम से। ऐसे में उनके खिलाफ टिप्पणी का औचित्य नहीं था।