चंदन तस्करी को लेकर जिला बेहद संवेदनशील होता जा रहा है। लगभग एक वर्ष पहले करोड़ों रुपये की चंदन की लकड़ी पकड़ने के बाद सुर्खियों में आई सोनीपत पुलिस ने अब लगभग 50 लाख रुपये की चंदन की लकड़ी पकड़ी है। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी को भी काबू किया है, जिसने यह लकड़ी छिपा रखी थी। गिरफ्तार आरोपी रवींद्र निवासी मुरथल जिला सोनीपत का रहने वाला है। आरोपी को मंगलवार को अदालत में पेश कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। इस मामले में मंगलवार को डीएसपी प्रदीप कुमार ने थाना कुंडली में पत्रकारवार्ता भी की।
पुलिस के अनुसार थाना कुंडली पुलिस की टीम ने सोमवार शाम को गुप्त सूचना पर रवींद्र को गांव सबोली से काबू किया था। उससे प्रारंभिक पूछताछ में लाखों रुपये कीमत की चंदन की लकड़ी छिपाकर रखने के मामले का खुलासा हुआ। रवींद्र की निशानदेही पर सबोली में ही एक मकान से चंदन की लकड़ियां बरामद की गईं। इनका वजन 2,520 किलोग्राम था और अंतर्राष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत 50 लाख रुपये बताई गई है। पूछताछ में ही उसने बताया कि वह इन लकड़ियों को चाणक्यपुरी दिल्ली से लाया। रवींद्र को मंगलवार को अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया गया है।
पिछले साल सिलाना से बरामद की थी सवा करोड़ की लकड़ियां
पिछले वर्ष 5 सितंबर को एसआईटी पुलिस ने खरखौदा के सिलाना गांव से करोड़ों रुपये कीमत की चंदन की लकड़ियां बरामद की थी। इस मामले में पुलिस ने जितेंद्र उर्फ धोला निवासी सिलाना को भी गिरफ्तार किया था, जो चंदन की लकड़ियां लाया था। जितेंद्र के जरिए ही पुलिस ने इस मामले में मनौली निवासी राजू को काबू किया था। उस समय चंदन के 250 लॉग बरामद किए गए थे, जिनकी कीमत 1.25 करोड़ रुपये बताई गई थी। उस दौरान चंदन की लकड़ियों के साथ शराब की बोतलों पर फर्जी लेबल लगाने के मामले का भी पर्दाफाश किया गया था।