गोहाना। बिजली निगम ने बिजली चोरी करने वाले उपभोक्ताओं के खिलाफ कदम उठाते हुए अप्रैल 2022 से मार्च 2023 तक 4328 उपभोक्ताओं को बिजली चोरी करते हुए पकड़ा। उन पर 10 करोड़ 48 लाख रुपये जुर्माना लगाने के साथ मुकदमा भी दर्ज करवाया गया।
बिजली चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने व लाइन लॉस को कम करने के लिए बिजली निगम ने विशेष टीमों का गठन करके सालभर बिजली चोरी करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया। इसके लिए एसडीओ स्तर पर अधिकारियों की टीमों का गठन किया गया है, जो अपने स्तर पर बिजली चोरी के मामलों को पकड़कर उन पर कार्रवाई करते हैं। फिलहाल रात व सुबह के समय बिजली चोरी के मामले सामने आए हैं। बिजली निगम के कर्मचारी लाइन लॉस के हिसाब से गांवों व शहरों को चिह्नित कर छापा मार कार्रवाई कर अभियान चलाकर चोरी करने वाले उपभोक्ताओं को रंगे हाथ पकड़ते हैं। साथ ही उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज भी करवाया जा रहा है।
वर्ष 2021-22 से इस साल रिकवरी अधिक
बिजली निगम ने जिले में विभिन्न स्थानों पर बिजली उपभोक्ताओं के घरों पर छापा मार कार्रवाई कर वर्ष 2021-22 में 4579 उपभोक्ताओं को बिजली चोरी करते हुए रंगे हाथ पकड़ा और 12 करोड़ 78 लाख रुपये जुर्माना लगाया। इस वर्ष बिजली चोरी करने वाले उपभोक्ता तो कम है, लेकिन बिजली निगम ने रिकवरी अधिक की है। वर्ष 2021-22 में 7 करोड़ 66 लाख रुपये की रिकवरी की गई थी, जबकि इस वर्ष 9 करोड़ 31 लाख रुपये की रिकवरी की गई है।
2851 डिफाल्टर उपभोक्ताओं के काटे बिजली कनेक्शन
बिजली निगम ने सालभर में 2851 डिफाल्टर उपभोक्ताओं के बिजली के कनेक्शन काटे है। जिनका करीब 16 करोड़ रुपये बकाया था। इसके अलावा डिफाल्टर उपभोक्ताओं की सूची में शामिल लोगों से 47 करोड़ रुपये बिजली बिल वसूल किया है।
चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने व लाइन लॉस को कम करने के लिए लगातार बिजली चोरी रोको अभियान चलाया जा रहा है। वर्ष 2022-23 में 4328 उपभोक्ताओं को चोरी करते हुए पकड़ा गया और उन पर 10.48 करोड़ रुपये जुर्माना लगाया गया है। साथ ही 9.31 करोड़ रुपये की रिकवरी की गई है।
जीआर तंवर, अधीक्षण अभियंता, बिजली निगम, सोनीपत