पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में अलग-अलग पदों के लिए नामांकन कर रहे उम्मीदवारों को पुलिस सत्यापन प्रमाणपत्र देने की आवश्यकता नहीं है। यह बात उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) ललित सिवाच ने कही। उन्होंने कहा कि आयोग ने इस संबंध में कोई निर्देश जारी नहीं किए हैं। उम्मीदवार को अलग-अलग विभागों का अनापत्ति प्रमाणपत्र यानी नो ड्यूज सर्टिफिकेट देना होगा। इसके अलावा खुद से सत्यापित एक शपथ-पत्र (एफिडेविट) देना होगा, जिसमें अपने से संबंधित सभी पुलिस केस की जानकारी देनी होगी। इसी के आधार पर नामांकन भरा जा सकता है।
ललित सिवाच ने कहा कि पंच, सरपंच, पंचायत समिति सदस्य व जिला परिषद सदस्य के उम्मीदवार को मूल निवास प्रमाणपत्र (डो मिसाइल सर्टिफिकेट) देने की आवश्यकता नहीं है। जो भी उम्मीदवार चुनाव लड़ रहा है, सिर्फ उसका नाम संबंधित पंचायत, पंचायत समिति व जिला परिषद की मतदाता सूची में दर्ज होना जरुरी है। उन्होंने कहा कि पंच, सरपंच, पंचायत समिति सदस्य व जिला परिषद सदस्य के लिए जो भी उम्मीदवार चुनाव लड़ रहा है, उसे सिर्फ अपने से जुड़ा नो-ड्यूज सर्टिफिकेट देना होगा। उस व्यक्ति पर यदि कोई देनदारी नहीं है, तो वह चुनाव लड़ सकता है। उन्होंने कहा कि यह संशय बना हुआ था कि यदि परिवार के किसी सदस्य पर सहकारी बैंक, बिजली विभाग, कृषि लोन की देनदारी है तो उस परिवार का अन्य सदस्य चुनाव लड़ सकता है या नहीं? आयोग ने इस संबंध में अब स्थिति को साफ कर दिया है।
म्हारी पंचायत पोर्टल पर देखी जा सकेगी गतिविधियां
उपायुक्त ने बताया कि इस बार पंचायत चुनाव की गतिविधियां म्हारी पंचायत पोर्टल पर देखी जा सकेगी। इसमें उम्मीदवारों के नामांकन, चुनाव लडने वाले प्रत्याशियों की अंतिम सूचियां डाली जाएंगी। इसके अतिरिक्त मतदान व मतगणना के दिन के लिए ई-डैशबोर्ड तैयार करवाया गया है। ताकि चुनावों के रुझान, मतदान फीसदी व अंतिम नतीजों को कोई भी घर बैठे पोर्टल पर देख सके।
नामांकन के लिए ये दस्तावेज जरूरी
सामान्य, बीसी ए वर्ग सरपंच पद के पुरुष के लिए 10वीं कक्षा उत्तीर्ण का प्रमाणपत्र
एससी वर्ग के सरपंच पद के पुरुष के लिए 8वीं कक्षा उत्तीर्ण का प्रमाणपत्र
सामान्य, बीसीए व एससी वर्ग की सरपंच पद की महिला के लिए 8वीं पास का प्रमाणपत्र
सामान्य, बीसीए के पंच पद के पुरुष के लिए 10वीं कक्षा का प्रमाणपत्र
एससी वर्ग की पंच पद के पुरुष के लिए 8वीं कक्षा का प्रमाणत्र
सामान्य, बीसीए के पंच पद की महिला के लिए 8वीं कक्षा
एससी वर्ग के पंच पद की महिला के लिए 5वीं कक्षा
दो पासपोर्ट साइज फोटो
लैंडमोरगेज बैंक, को ओपरेटिव बैंक, को-सोसायटी बैंक, बिजली निगम से अनापत्ति प्रमाणपत्र
शौचालय का शपथ पत्र
एससी व बीसीए का जाति प्रमाणपत्र
गृहकर की रसीद
पंचायत के बकायादार व पट्टेदारों की सूची
ईवीएम की सुरक्षा पुलिस की जिम्मेदारी
ललित सिवाच ने कहा कि पंचायत चुनाव के दौरान पुलिस कानून व्यवस्था को बनाकर रखे। जो भी व्यक्ति गैर लाइसेंसी हथियार के साथ मिले, उस पर तत्काल कार्रवाई हो। पंचायत समिति सदस्य व जिला परिषद सदस्यों के लिए इस्तेमाल की जाने वाली ईवीएम की सुरक्षा की जिम्मेदारी पुलिस की रहेगी। संवेदनशील व अतिसंवेदनशील बूथ पर प्रशासन एवं पुलिस की पैनी नजर रहेगी।
बिजली आपूर्ति न हो बाधित
उपायुक्त ने कहा कि पोलिंग बूथों पर मतदान वाले दिन बिजली आपूर्ति बाधित न हो, इसके लिए बिजली निगम को निर्देश दिए गए हैं। जहां इस प्रकार की समस्या है, वहां समय रहते बेहतर इंतजाम करें। शिक्षा, तकनीकि शिक्षा व औद्योगिक प्रशिक्षण विभागों को निर्देश दिए हैं कि जिन शैक्षणिक संस्थाओं में पोलिंग बूथ बनाए जाने हैं, उनमें यदि किसी मरम्मत की आवश्यकता हो तो उसे पहले ही पूरा कर लिया जाए। यहां रैंप की व्यवस्था हो, ताकि आसानी से विकलांग व बुजुर्ग भी अपने मतदान का प्रयोग कर सकें। उन्होंने सभी पोलिंग बूथों पर पीने के साफ पानी, शौचालयों में फ्लश करने के लिए पानी व साफ-सफाई की पूरी व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं।
शांतिपूर्ण व निष्पक्ष चुनाव सभी का दायित्व है। इसके लिए पुलिस, स्वास्थ्य, बिजली, आबकारी एवं कराधान व अन्य विभागों का सहयोग भी अति आवश्यक है। जिला परिषद सदस्यों व पंचायत समिति सदस्यों के लिए 9 नवंबर व सरपंच व पंच पद के लिए 12 नवंबर को मतदान होगा। पंचायत चुनाव की घोषणा के साथ ग्रामीण क्षेत्र में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। चुनाव प्रक्रिया से जुड़े किसी भी अधिकारी व कर्मचारी का तबादला नहीं किया जाएगा। ललित सिवाच, उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत), सोनीपत