शहर के सेक्टर-23 स्थित खाली प्लॉट में खून से भरी थैली पड़ी मिली है। पौधरोपण में लगी रक्त वाहिनी संस्था के पदाधिकारियों ने थैली कूड़े में पड़ी देख पुलिस को अवगत कराया। खून की थैली सोनीपत ब्लड बैंक से जारी की गई है, जिस पर उसका स्टीकर लगा है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
मां भारती रक्त वाहिनी संस्था के पदाधिकारी रविंद्र शर्मा, प्रेम गौतम व देवेंद्र गौतम ने पुलिस को शिकायत दी कि वह पौधरोपण करने निकले थे। उन्हें एक साथी को सेक्टर-23 से साथ लेकर चलना था। जब वह सेक्टर-23 के खाली प्लॉट में पहुंचे तो वहां पर कूड़े में खून से भरी थैली पड़ी मिली। थैली को साफ कर देखा तो उसमें ओ-पॉजिटिव रक्त था। उसकी एक्सपायरी डेट 15 जून है। इसको सोनीपत ब्लड बैंक से जारी किया गया था। संस्था के पदाधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि प्लॉट में खून से भरी थैली देखकर काफी दुख हुआ। लोगों से फ्री में रक्तदान करवाकर खून की कमी को दूर करने का प्रयास उनकी संस्था की तरफ से किया जाता है। वहीं कुछ लोग जीवन के पर्याय रक्त को इस तरह से फेंक रहे हैं, जबकि जिले में रक्त की बड़ी कमी है।
निजी अस्पताल को जारी किया गया था खून
संस्था के पदाधिकारियों ने बताया कि खून की थैली पर जिस तरह की जानकारी लिखी है, उसके अनुसार उसे सोनीपत ब्लड बैंक से जारी किया गया है। जहां जाकर जानकारी करने पर पता चला कि उसे बहालगढ़ रोड स्थित निजी अस्पताल को जारी किया गया था। उसके बाद वह थैली वहां कैसे पहुंची, इस बारे में पुलिस जांच के बाद ही साफ हो सकेगा। संस्था के पदाधिकारियों ने मामले को लेकर सेक्टर-23 चौकी पुलिस में शिकायत दी है।
वर्जन
खाली प्लाट में खून की थैली मिलने की शिकायत मिली है। इस मामले में जांच की गई तो सोनीपत ब्लड बैंक से यह थैली निजी अस्पताल में भर्ती मरीज के लिए दी गई थी। इस मामले को लेकर स्वास्थ्य विभाग से जानकारी मांगी गई है। अस्पताल की लापरवाही मिलने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
-कुलदीप सिंह, प्रभारी सेक्टर-23 चौकी।