सोनीपत। रबी सीजन के दौरान किसानों को बेहतर गुणवत्ता का बीज व खाद उपलब्ध करवाने के लिए कृषि विभाग ने सख्ती बरतनी शुरू कर दी है। जिसके तहत बुधवार को कृषि उपनिदेशक अनिल सहरावत के नेतृत्व में कृषि विभाग की टीम ने गांव पलड़ी में पहुंचकर बीज की दुकानों पर छापा मापा। इस दौरान गेहूं व सरसों के बीच के 10 नमूने लिए हैं। जिन्हें जांच के लिए भेजा जाएगा।
रबी सीजन की शुरूआत के साथ ही सरसों व गेहूं की बिजाई शुरू हो चुकी है। ऐसे में बड़ी संख्या में किसान बीज की खरीददारी कर रहे हैं। कई बार बीज विक्रेता कम गुणवत्ता का बीज बेचकर मुनाफा कमाने की फिराक में रहते है। जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान होने के साथ ही फसल उत्पादन पर भी विपरीत असर पड़ता है। ऐसे में कृषि विभाग ने बीज की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए अभियान शुरू कर दिया है। बुधवार को कृषि विभाग के एसएमएस अधिकारी देवेंद्र कुहाड़, कृषि उपनिदेशक अनिल सहरावत, कृषि विभाग के क्यूसीआई राकेश हुड्डा ने पलड़ी स्थित बीज की दुकानों पर गेहूं व सरसों के बीज के 6 नमूने लिए हैं। इसके अतिरिक्त खाद के भी 4 नमूने लिए गए। जिनकी गुणवता की जांच के लिए उन्हें लैब में भेजा जाएगा। लैब से आने वाली रिपोर्ट के आधार पर ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।
कृषि विभाग ने जिले में करीब 1.45 लाख हेक्टेयर भूमि में गेहूं की बिजाई का लक्ष्य रखा है। वहीं करीब पांच हजार हेक्टेयर भूमि में सरसों की बिजाई की जानी है। ऐसे में बेहतर उत्पादन के लिए जरूरी है कि किसानों को बेहतर गुणवत्ता का बीज उपलब्ध हो सके। बीज के साथ कृषि विभाग ने खाद व दवाइयों के नमूने लेने की रणनीति भी तैयार की है। जिसके लिए टीमों का गठन किया गया है। कृषि विभाग ने किसानों का आह्वान किया है कि वह बीज, खाद या दवाई खरीदते समय पक्का बिल अवश्य लें और उपचारित बीज का ही इस्तेमाल करें।
रबी सीजन में किसानों को बेहतर गुणवत्ता का बीज व खाद उपलब्ध हो सके, इसके लिए विभाग ने अभियान शुरू किया है। जिसके तहत बुधवार को विभिन्न दुकानों से बीज व खाद के 10 नमूने लिए गए है। जिन्हें जांच के लिए लैब में भेजा जाएगा। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही आगामी कार्रवाई की जाएगी। डॉ. अनिल सहरावत, कृषि उपनिदेशक, सोनीपत