सोनीपत। गांव नांगल कलां व नाहरा के राजकीय स्कूलों में सोमवार को जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण की ओर से बाल विवाह मुक्त भारत के विषयों पर जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को डिजिटल दुनिया में सुरक्षित, जिम्मेदार और बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 के प्रावधानों के बारे में कानूनी रूप से सजग बनाना था।
पैनल अधिवक्ता इरा रानी व विमलेश कुमारी ने विद्यार्थियों को सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग, ऑनलाइन गोपनीयता, साइबर अपराध, फेक प्रोफाइल, साइबर बुलिंग व डिजिटल धोखाधड़ी से बचाव के संबंध में जानकारी दी।
वक्ताओं ने समझाया कि इंटरनेट पर की गई छोटी सी लापरवाही भविष्य में गंभीर कानूनी और सामाजिक समस्याओं का कारण बन सकती है। डिजिटल प्लेटफॉर्म पर डाली गई सामग्री लंबे समय तक बनी रहती है। उसका गलत उपयोग होने पर व्यक्ति को मानसिक, सामाजिक एवं कानूनी नुकसान उठाना पड़ सकता है।
उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे तकनीक का उपयोग ज्ञान, शिक्षा और सकारात्मक उद्देश्यों के लिए करें। सोशल मीडिया पर कोई ऐसी सामग्री न डाले जिससे उनको बात में किसी तरह की समस्या का सामना करना पड़े।