बीपीएस अस्पताल के चिकित्सकों ने मांगों को लेकर स्वास्थ्य मंत्री को भेजा ज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
गोहाना। गांव खानपुर कलां स्थित बीपीएस राजकीय महिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल के चिकित्सकों ने बुधवार को लंबित मांगों को लेकर बैठक की। इसके बाद चिकित्सकों ने स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज को ज्ञापन भी भेजा। चिकित्सकों ने बैठक मेडिकल टीचर्स एसोसिएशन के बैनर तले की। इसकी अध्यक्षता एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. अरुण कुमार पांडेय ने की।
उपाध्यक्ष डॉ. उमा गर्ग, महासचिव डॉ. मुकेश सांगवान आदि ने बताया कि उनकी अनेक मांगें कई साल से लंबित हैं। उन्होंने कहा कि अभी तक मेडिकल टीचर्स के लिए सर्विस रूल जारी नहीं किया गया है, बीपीएस में सर्विस रूल को तुरंत प्रभाव से पीजीआई रोहतक की तर्ज पर लागू किया जाए। सहायक प्रोफेसर को अवकाश, चाइल्ड केयर अवकाश आदि का समय अनुभव में नहीं जोड़ा जाता है। एनओसी संबंधी पाबंदी को तुरंत हटाया जाए। उन्होंने कहा कि इस समस्या के कारण कोई भी विशेषज्ञ ज्वाइन नहीं कर रहे हैं और इन्हीं समस्याओं के कारण संस्थान से कई नौकरी छोड़कर जा चुके हैं। अस्पताल में न्यूरो सर्जरी, कॉर्डियोलॉजी व प्लासिटम सर्जरी विभाग से विशेषज्ञ जाने से यह बंद हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि मनोरोग, मूत्र संबंधी रोग, चर्म रोग, सांस रोग, शिशु चिकित्सक विभाग में केवल एक या दो विशेषज्ञ है जो बंद होने की कगार पर है। मेडिसिन, सर्जरी आदि में भी स्टाफ की कमी है। उन्होंने कहा कि इन सभी समस्याओं के कारण आने वाले मरीजों को परेशानी आ रही है व 500 छात्राओं का भविष्य भी खतरे में है। उन्होंने कहा कि मांगों को लेकर वह स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज गुहार लगा चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं किया गया।