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केएमपी व केजीपी पर अलग से खोले जाएंगे थाने, 24 घंटे रहेगी सुरक्षा

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केएमपी और केजीपी एक्सप्रेस-वे पर खुलेंगे यातायात थाने, 24 घंटे रहेगी सुरक्षा
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रविंद्र कौशिक
सोनीपत। केएमपी और केजीपी एक्सप्रेस-वे शुरू होने के बाद वाहन दौड़ते ही यहां हादसों का सिलसिला भी शुरू हो गया है। इसे देखते हुए पुलिस ने सफर करने वालों को सुरक्षा देने के लिए पहल शुरू कर दी है। इसे लेकर अब केएमपी व केजीपी एक्सप्रेस-वे पर ट्रैफिक पुलिस थाने स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए साइट तय करने का निर्देश दिया गया है। साइट तय होते ही थानों की बिल्डिंग बनाकर स्टाफ की तैनाती की जाएगी। ऐसे में जरूरत पड़ने पर तुरंत पीड़ितों को मदद मिल सकेगी, यातायात भी प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। अभी तक मुरथल ट्रैफिक पुलिस के अधीन होने के कारण पुलिस को पहुंचने में देरी हो जाती है।
सोनीपत की सीमा से होकर गुजरने वाले कुंडली-गजियाबाद-पलवल (केजीपी) और कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेस-वे के शुरू होने के बाद से हादसों की संख्या में इजाफा हुआ है। यहां होने वाली वारदात के बाद जिस थाना क्षेत्र में घटना हुई वहीं की पुलिस को कार्रवाई करनी पड़ती है। ऐसे में एक्सप्रेस-वे आबादी से बाहर होने के चलते यहां तक पुलिस की मदद पहुंचने में समय लग जाता है। जिसे देखते हुए पुलिस के उच्च अधिकारियों ने मंथन के बाद अब जिले की सीमा में इसके लिए अलग से थाने स्थापित करने की मंजूरी दी है। सोनीपत में केएमपी और केजीपी पर सुरक्षा व गश्त की जिम्मेदारी फिलहाल मुरथल ट्रैफिक थाना पुलिस को दी गई। अब उच्च अधिकारियों ने मुरथल ट्रैफिक थाना पुलिस को पत्र लिखकर नए थानों के लिए साइट चयन का निर्देश दिया है। जिसके बाद से मुरथल ट्रैफिक थाना पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी है। केएमपी व केजीपी पर थाने स्थापित होने से 24 घंटे तुरंत सहायता मिल सकेगी।
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270 किलोमीटर है एक्सप्रेस-वे की दूरी
केएमपी व केजीपी की कुल दूसरी करीब 270 किलोमीटर है। दोनों एक्सप्रेस-वे का निर्माण कर इन्हें आपस में जोड़ दिया गया है। एक्सप्रेस-वे की कुल लंबाई 270 किलोमीटर होने के बाद से हर जिले की हद में ट्रैफिक थाना खोलना पुलिस जरूरी मान रही थी। इसे लेकर उच्च अधिकारियों ने निरीक्षण किया था। जिसके बाद अब केएमपी-केजीपी से जुड़े सभी छह जिलों के पुलिस अधिकारियों को थानों की साइट बनाकर भेजने को कहा गया है।
हादसों के बाद तुरंत मिल सकेगी मदद
केजीपी व केएमपी पर अपने थाने बनने के बाद कोई हादसा या वारदात होने पर पुलिस की मदद तुरंत दी जा सकेगी। एक्सप्रेस-वे पर बनने वाले थानों को अत्याधुनिक बनाने के साथ ही उनमें बेहतर सुविधा भी दी जाएंगी। क्रेन और इंटर सेप्टर वाहनों से लेकर आधुनिक एंबुलेंस व अन्य सुविधा भी थानों में उपलब्ध कराई जाएंगी।
हादसों में कई की जा चुकी है जान
केएमपी व केजीपी के शुरू होने के बाद कई बार हादसे हो चुके हैं। इनमें 15 से अधिक की जान जा चुकी है। साथ ही कोहरे में 100 से अधिक वाहन क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। जिसे देखते हुए यहां थाने स्थापित करने की आवश्यकता बढ़ी थी।
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यातायात थाने के लिए साइट की तलाश शुरू
मुरथल ट्रैफिक थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार ने बताया कि केएमपी व केजीपी पर सुरक्षा की जिम्मेदारी अभी तक मुरथल ट्रैफिक थाना की है। अब इन दोनों एक्सप्रेस-वे पर थाने बनाने के लिए साइट तलाशने के निर्देश मिले हैं। जिससे इन एक्सप्रेस-वे पर हादसा या अन्य घटना होने पर पीड़ितों को तुरंत पुलिस की मदद मिल सकेगी। उच्च अधिकारियों के निर्देशानुसार जल्द साइट प्लान बनाकर भेजा जाएगा।
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