फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रद्दी पैड बनाकर किताबों की दुकान पर बेची जा रही थी नवोदय विद्यालय की आंसरशीट

विज्ञापन
विज्ञापन
रद्दी पैड बनाकर किताबों की दुकान पर बेची जा रही थीं नवोदय विद्यालय की आंसरशीट
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
गोहाना। शहर के सोनीपत मार्ग स्थित नई सब्जी मंडी के सामने पुस्तक भंडार पर नवोदय विद्यालय की आंसरशीट को रद्दी पैड बनाकर बेचा जा रहा था। जब यह मामला एसडीएम आशीष वशिष्ठ के संज्ञान में आया तो उन्होंने गोहाना खंड के बीईओ सुभाष भारद्वाज को इसकी जांच सौंपी है। बीईओ ने पुस्तक भंडार पर जाकर जांच की तो आंसरशीट जींद के खूंगा कोठी नोवदय विद्यालय की मिलीं।
सोमवार को एक व्यक्ति ने सोनीपत मार्ग स्थित राजू पुस्तक भंडार से दो रद्दी पैड खरीदे थे। पैड खरीदने के बाद जब उन्होंने खोलकर देखा तो वह नवोदय विद्यालय की आंसरशीट निकली। जिसके बाद व्यक्ति ने मामले से एसडीएम आशीष वशिष्ठ को अवगत कराया। एसडीएम ने इसकी जांच गोहाना खंड के बीईओ सुभाष भारद्वाज को सौंपी। मंगलवार को राजू पुस्तक भंडार पर पहुंच कर पैड की जांच की। जहां दो आंसरशीट के दोनों हिस्से मिल गए और उन्हें मिलाकर देखा तो वह पूरी आंसरशीट बन गई। जिसपर जींद के खूंगा कोठी जवाहर नवोदय विद्यालय का पता लिखा मिला। बीईओ सुभाष भारद्वाज ने दुकानदार राजू से पूछा कि उन्होंने यह पैड कहा से खरीदे हैं तो उन्होंने बताया कि वह रोहतक के व्यक्ति से खरीदते हैं। जिन्होंने अपनी प्रेस लगा रखी है। जिसेक बाद अधिकारियों ने उसके बारे में जानकारी ली। अब उससे पूछताछ की जाएगी।
विज्ञापन

वर्जन
राजू पुस्तक भंडार पर पहुंचकर जांच की तो आंसरशीट जींद के खूंगा कोठी जवाहर नवोदय विद्यालय की मिली हैं। दुकानदार के बयान दर्ज कर एसडीएम आशीष वशिष्ठ को इसकी रिपोर्ट कर दी है। आगे मामले की जांच कराने के निर्देश मिलेंगे तो कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन

सुभाष भारद्वाज, बीईओ गोहाना खंड।
वर्जन
नवोदय विद्यालय की सीटों को रद्दी में नहीं बेचा जा सकता है। ऐसा करने से इनका गलत इस्तेमाल हो सकता है। जींद के विद्यालय की आंसरशीट मिली है। इसकी पूरी जांच कराई जाएगी। जिसके बाद किसी की गलती मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।
आशीष वशिष्ठ, एसडीएम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें