रोड़ी। रोड़ी के पास घग्गर के किनारों को मिट्टी के कट्टे लगाकर मजबूत करते हुए ग्रामीण। संवाद
रोड़ी। हरियाणा-पंजाब सीमा से गुजरने वाली घग्गर नदी में जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे रोड़ी क्षेत्र के तटवर्ती गांवों के किसानों और ग्रामीणों की चिंता गहरा गई है। पंजाब के सरदूलगढ़ स्थित घग्गर पुल पर जलस्तर वीरवार को एक फीट बढ़कर 21 तक पहुंच गया। रोड़ी क्षेत्र के तटबंधों के किनारों पर ही पानी चल रहा है और जिसने किसानों की चिंता को अधिक बढ़ा दिया है।
गुहला चीका क्षेत्र में बुधवार को 18,326 क्यूसेक पानी दर्ज किया गया था, जो बढ़कर 23,000 क्यूसेक तक पहुंच गया है। इससे वीरवार रात को जलस्तर और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। वहीं, कालांवाली एसडीएम मोहित कुमार, तहसीलदार कुंवरदीप सिंह और पंचायती राज एसडीओ प्रमोद जैन ने रोड़ी क्षेत्र के तटवर्ती गांवों व तटबंधों की स्थिति का निरीक्षण किया।
उन्होंने संबंधित ग्राम पंचायतों को तटबंध मजबूत करवाने के निर्देश दिए। निगरानी के लिए सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की जा रही है। तटबंधों की मरम्मत और आवश्यक सामग्री पर होने वाले खर्च को विभाग की ओर से स्वीकृत किया जाएगा।
खतरे के निशान पर बह रही घग्गर
किसान सेवक सिंह, बादल सिंह, मंदर सिंह, सुखदीप सिंह, गुरसेवक सिंह, गुरदीप सिंह, बब्बू सिंह आदि का कहना है कि घग्गर इस समय खतरे के निशान पर बह रही है। घग्गर नदी पंजाब के सरदूलगढ़ से हरियाणा में प्रवेश करती है और सिरसा जिले के मत्तड़, लहंगेवाला और रंगा गांवों से होकर बहती है। फिलहाल नदी का पानी तटबंधों के किनारों तक पहुंच चुका है, जिससे तटीय क्षेत्रों में जलभराव की आशंका बढ़ गई है। किसानों ने स्वयं अपने स्तर पर मिट्टी के कट्टे लगाकर और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से तटबंधों को मजबूत करने का कार्य शुरू कर दिया है। ग्रामीण लगातार निगरानी कर रहे हैं और रात-दिन पहरा दे रहे हैं ताकि किसी भी अनहोनी को रोका जा सके। प्रशासन भी स्थिति की गंभीरता को देखते हुए हरकत में आ गया है।