संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा।
किसान आंदोलन को लेकर जिले में बुधवार को भी स्थिति शांतिपूर्ण रही। 16 फरवरी के भारत बंद को लेकर रणनीति बनाने के अलावा किसी तरह की हलचल नहीं देखी गई, लिहाजा प्रशासन की ओर से भी आज नाकों पर थोड़ी ढील दी गई। घग्गर पुल पर बने मुख्य नाके पर सोमवार देर शाम को पुलिस ने करीब 100 ट्रक रुकवा लिए थे। इनको बुधवार को पुलिस ने इन ट्रकों को लिंक रोड से जाने की अनुमति दे दी। शादी की कारें और एंबुलेंस भी गांवों से गुजरती नजर आईं। बड़ी बात यह कि लोगों को असुविधा से बचाने के लिए लोगों ने जगह-जगह संकेतक भी लगाए। इसके बाद लोग नाके से पैदल आवागमन करते हुए नजर आए।
दावा : पांच हजार किसान पंजुआना नहर पर करेंगे प्रदर्शन, रोडवेज का चक्का रहेगा जाम
किसान नेता व अन्य संगठन 16 फरवरी के भारत बंद को लेकर रणनीति बनाते नजर आए। किसान नेताओं ने कहा कि जिलेभर के किसान 16 फरवरी को पंजुआना नजर पर एकत्रित होकर प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने दावा कि भारत बंद को लेकर तीन हजार से पांच हजार किसान पंजुआना पहुंचेंगे।
वहीं रोडवेज कर्मचारी यूनियन के सदस्यों का कहना है कि भारत बंद के दौरान बसों का चक्का पूर्ण रूप से जाम रहेगा। इसके साथ ही उपायुक्त ने भी अधिकारियों को नाकों पर ढिलाई न बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्हाेंने आमजन से अति जरूरी होने पर ही यात्रा करने की अपील की है।
किसान आंदोलन को लेकर जिले में 40 से अधिक नाके लगाए गए हैं। यहा पर पुलिस के जवान मुस्तैद हैं। किसान नेता ने जसवीर सिंह भाटी ने कहा कि डबवाली रोड स्थित पंजुआना नहर के पास सात किसान संगठन एकत्रित हुए थे। सभी ने किसान आंदोलन को लेकर मंथन किया और 16 फरवरी को होने वाले भारत बंद का समर्थन करने का निर्णय लिया। उन्होंने बताया कि जिलेभर के किसान 16 फरवरी को पंजुआना नजर पर प्रदर्शन करेंगे। किसान गांव गांव जाकर लोगों से भारत बंद में शामिल होने की अपील करेंगे। बैठक के दौरान किसान मंच, एआईकेसी, बीकेई कालांवाली, राष्ट्रीय किसान संगठन, आजाद संगठन आदि संगठन शामिल हुए। भाटी ने दावा किया कि भारत बंद को लेकर तीन हजार से पांच हजार किसान पंजुआना पहुंचेंगे।