सिरसा। स्वच्छता में आई गिरावट को लेकर नगर परिषद के अधिकारियों ने मंथन करना शुरू कर दिया है। विकसित भारत यात्रा में व्यस्ता के चलते अभी तक कोई प्लान विभाग की ओर से नहीं बनाया गया है। पिछले सर्वे में जिले की रैंकिंग 254 थी जो अब 269 पर जा चुकी है। जानकारी के अनुसार लोहड़ी के बाद स्वच्छता सर्वेक्षण को लेकर अहम बैठक होने की उम्मीद है। जिसमें स्वच्छता की रैंकिंग में हुई गिरावट को लेकर विचार-विमर्श किया जाएगा। अहम बात यह है कि सालाना 10 करोड़ रुपये स्वच्छता पर खर्च करने के बाद भी नगर परिषद सिरसा की रैंकिंग में गिरावट आना चिंता का विषय बना हुआ है। वहीं कुछ अधिकारियों की माने तो सरकार की ओर से लगाए गए सिटी टीम लीडर स्तर के कर्मचारियों ने अपने कार्यों का ईमानदारी से नहीं किया। क्योंकि दस्तावेजों से लेकर लोगों में जागरूकता के नाम पर अंकों में बड़े स्तर पर कटौती हुई है।
ये है खर्च की स्थिति
पूजा कंसल्टेंट एजेंसी - प्रतिमाह 50 से 60 लाख रुपये ।
रोड स्वीपिंग एजेंसी - सालाना दो से ढाई करोड़ रुपये।
कुल कर्मचारी - 116 कर्मचारी
ये है व्यवस्था
- डोर टू डोर कचरा उठाया जाता है। उसे सेकेंडरी प्वाइंट पर डाला जाता है।
- निजी एजेंसी के कर्मचारी आधे शहर और आधे शहर को नगर परिषद के कर्मचारी साफ करते हैं।
- खाली प्लॉटों में कचरे के प्वाइंटर बनाए गए हैं। जिनमें पशुओं का जमावड़ा लगा रहता है।
- नागरिक अस्पताल और बस स्टैंड के मुख्य प्वाइंटों से कचरा बकरियांवाली प्लांट में भिजवाया जाता है।
- बकरियांवाली प्लांट में कचरा निस्तारण का कार्य अभी तक युद्ध स्तर पर शुरू नहीं हुआ है।
भविष्य में खर्च की योजना
नगर परिषद ने कर्मचारियों की कमी को देखते हुए भविष्य की योजना तैयार की है। इस योजना के तहत शहर के सभी मुख्य मार्गाें की सफाई का ठेका एजेंसी को दिया जाएगा। वहीं आधे शहर की सफाई का कार्य पहले ही एजेंसी कर रही है। डोर टू डोर कचरा एजेंसी उठा रही है। ऐसे में बाजारों का कुछ एरिया ही नगर परिषद के कर्मचारी साफ करेंगे।
सीएसआई और एएसआई की नहीं है कमी
पूर्व में नगर परिषद के पास कई अधिकारियों व कर्मचारियों की कमी देखने को मिली थी। ऐसे में जिम्मेदार कर्मचारी अपनी इच्छानुसार काम करते नजर आए थे। मौजूदा समय में सीएसआई, एसआई, चार एएसआई नगर परिषद के पास हैं।
स्वच्छता रैंकिंग को सुधारने के लिए आगामी रणनीति बनाई जाएगी। अभी विकसित भारत यात्रा के चलते सभी व्यस्त हैं। रैंकिंग को बेहतर बनाया जाएगा। शहर की मुख्य सड़कों की सफाई का कार्य भी एजेंसी को जल्द ही सौंप दिया जाएगा।
जयवीर सिंह, सीएसआई, नगर परिषद, सिरसा।