रोड़ी। समागत के दौरान ढाडी जत्था गुरुओं के इतिहास के बारे में बताते हुए। संवाद
रोड़ी। गुरुद्वारा सिंह सभा, रोड़ी में शुक्रवार शाम हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और धर्म प्रचार कमेटी के तत्वावधान में शहीदी समागम का आयोजन किया गया। यह समागम श्री गुरु तेग बहादुर साहिब, भाई मती दास, भाई सती दास और भाई दयाला की 350वीं शहीदी शताब्दी को समर्पित था। कार्यक्रम शाम 6 बजे से रात 10 बजे तक आयोजित किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया।
समागम में ढाडी रंजीत सिंह मौड़ मंडी के जत्थे ने ढाडी वारों के माध्यम से संगत को भावविभोर किया। वहीं, जसवीर सिंह सिरसा और ज्ञानी मनदीप सिंह मुरीद ने शहीदी इतिहास पर आधारित विचार साझा किए। उन्होंने बताया कि श्री गुरु तेग बहादुर साहिब ने 17वीं शताब्दी में जबरन धर्मांतरण के खिलाफ संघर्ष करते हुए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए थे। उनके तीन प्रमुख अनुयायी—भाई मती दास, भाई सती दास और भाई दयाला—को भी क्रूरता से शहीद किया गया था। इस अवसर पर गांव रोड़ी के पूर्व सरपंच मेजर सिंह, तरसेम सिंह, बाबा निर्मल सिंह फग्गू, बाबा गुरदीप सिंह फग्गू सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।
झींडा ने दिया जींद समागम में पहुंचने का निमंत्रण
हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के प्रधान सरदार जगदीश सिंह झींडा ने संगत को 30 नवंबर को जींद स्थित गुरुद्वारा धमतान साहिब (9वीं पातशाही) में आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय गुरमत समागम में शामिल होने का आमंत्रण दिया। उन्होंने बताया कि शहीदी शताब्दी के उपलक्ष्य में हरियाणा में चार विशाल नगर कीर्तन आयोजित किए जाएंगे। रोड़ी क्षेत्र में भी एक नगर कीर्तन का आयोजन प्रस्तावित है, जिसकी तिथि जल्द घोषित की जाएगी। इस नगर कीर्तन का शुभारंभ स्वयं हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की ओर से किया जाएगा।