सिरसा। प्रतिबंधित दवा की तस्करी करने के मामले में स्पेशल एनडीपीएस फास्ट ट्रैक कोर्ट ने दोषी दर्शन सिंह को 10 साल कैद व एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न भरने पर एक साल अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
बुधवार को कोर्ट ने दर्शन सिंह को दोषी करार देते हुए सजा का फैसला वीरवार तक सुरक्षित रख लिया था। दोषी के खिलाफ रोड़ी पुलिस थाना में अक्टूबर 2020 को अभियोग दर्ज हुआ था। मामले के अनुसार 18 अक्टूबर 2020 को सीआईए सिरसा पुलिस की एक टीम एएसआई तरसेम सिंह के नेतृत्व में गांव अलीकां क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान नहर पुल के पास बाइक सवार व्यक्ति को पुलिस ने रोका। पुलिस ने शक के आधार पर व्यक्ति की तलाशी ली तो उससे प्रतिबंधित दवा की 380 गोलियां मिलीं। पुलिस ने पूछताछ की तो व्यक्ति की पहचान दर्शन सिंह पुत्र हजूरा सिंह निवासी गांव भीमा जिला सिरसा के रूप में हुई। इसके बाद एएसआई तरसेम सिंह की टीम ने दर्शन सिंह को गिरफ्तार कर लिया था। वीरवार को इस मामले का निपटारा करते हुए न्यायाधीश डॉ. अशोक कुमार ने दर्शन सिंह को 10 साल कैद की सजा सुना दी।
प्रतिबंधित दवा की तस्करी करने का आरोपी दोषी करार, सजा पर आज होगा फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी सिरसा। प्रतिबंधित दवा की तस्करी करने के एक मामले में स्पेशल एनडीपीएस फास्ट ट्रैक कोर्ट ने आरोपी दर्शन सिंह को दोषी करार दिया है। सजा का फैसला वीरवार को किया जाएगा। दोषी के खिलाफ रोड़ी पुलिस थाना में अक्टूबर 2020 को अभियोग दर्ज हुआ था। मामले के अनुसार 18 अक्टूबर 2020 को सीआईए टीम एएसआई तरसेम सिंह के नेतृत्व में गांव अलीकां क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान नहर पुल के पास बाइक सवार व्यक्ति को पुलिस ने रोका। पुलिस ने शक के आधार पर व्यक्ति की तलाशी ली तो उसके पास थैले से नशे में इस्तेमाल होने वाली प्रतिबंधित दवा की 380 गोलियां मिलीं। व्यक्ति की पहचान दर्शन सिंह पुत्र हजूरा सिंह निवासी गांव भीमा जिला सिरसा के रूप में हुई। पुलिस टीम ने दर्शन सिंह को गिरफ्तार कर लिया। बुधवार को इस मामले में न्यायाधीश डॉ. अशोक कुमार ने आरोपी दर्शन सिंह को दोषी करार देकर सजा का फैसला 7 नवंबर तक सुरक्षित रख लिया।
हमला करने के आरोपी को न्यायालय ने दी अंतरिम राहत
सिरसा। व्यक्ति पर हमला कर मोबाइल व रुपये छीनने के एक मामले में न्यायालय ने आरोपी अकबर भाट को अंतरिम राहत दी है। आरोपी के खिलाफ शहर थाना पुलिस ने 3 अगस्त 2023 को मामला दर्ज किया था। पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस एनएस शेखावत ने बुधवार को अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए अकबर को जांच में शामिल होने का निर्देश दिया।इसके अलावा आदेश दिया कि आरोपी को जांच अधिकारी की संतुष्टि के लिए अंतरिम जमानत पर रिहा किया जाएगा। मामले के अनुसार जेजे कॉलोनी निवासी सिकंदर 2 अगस्त 2023 को अपने पिता गुरमीत सिंह के साथ बाइक पर सवार होकर केलनियां रोड से जेजे कॉलोनी आ रहा था। इसी दौरान रास्ते में जेजे कॉलोनी निवासी भारती, कवि, आजाद, बंटी, सचिन, लल्लू, अकबर भाट, धानू, महेंद्र व विक्की उर्फ मामू ने डंडे से सिकंदर व गुरमीत सिंह पर हमला कर दिया। हमलावर सिकंदर की जेब से 10 हजार रुपये व मोबाइल छीनकर फरार हो गए।