सिरसा। मौसम खराब होने व मंडी में सरकारी खरीद शुरू न होने के कारण सरसों की 50 फीसदी आवक कम हो गई है। किसान सरसों लेकर मंडी में पहुंच रहे हैं। लेकिन सरकारी खरीद न होने के कारण उन्हें परेशान होना पड़ रहा है। वहीं अभी पोर्टल पर किसानों का डाटा अपडेट न होने के कारण खरीद प्रक्रिया शुरू नहीं हो पा रही। मंडी में पहले हर रोज 1200 से 1500 क्विंटल सरसों की आवक होती थी लेकिन अब यह घटकर 600 तक पहुंच गई है।
जिले में एक सप्ताह से लगातार मौसम खराब चल रहा है। बीते दिन ओलावृष्टि व बारिश के कारण कई क्षेत्रों में फसल पर भी इसका काफी नुकसान पहुंचा है। हालांकि सिरसा, डिंग, कालांवाली, डबवाली चोपटा में किसानों की सरसों की फसल को अधिक नुकसान नहीं हुआ। लेकिन बारिश के कारण फसलों की कटाई व कढ़ाई का काम बंद हो चुका है। जिसके चलते मंडी में अब नाम मात्र ही सरसों की आवक हो रही है। हालांकि कई किसानों की तरफ से सरसों की कटाई करने के बाद कढ़ाई का काम किया गया है। लेकिन सरकारी खरीद शुरू न होने के कारण वह घर में ही सरसों रखकर सरकारी खरीद शुरू होने का इंतजार कर रहे है।
चोपटा क्षेत्र से भी किसान सिरसा लेकर पहुंच रहे सरसों, बढ़ी परेशानी
वहीं अनाज मंडी में चोपटा क्षेत्र का किसान रमेश कुमार सरसों लेकर पहुंचा। जिसके पश्चात व सरकारी रेट पर सरसों बेचने के लिए सैंपल लेकर मंडी में स्थित सोसायटी की दुकान में पहुंचा। लेकिन यहां पर उसकी सरसों की खरीद न होने की बात कह उन्हें वापस लौटा दिया गया। हालांकि किसान की ओर से मंडी में पहले ही सरसों की ढेरी लगा दी गई। जिसके कारण उसे मंडी निजी व्यापारियों को ही सरसों बेचने को मजबूर होना पड़ा ।
पोर्टल को अपडेट किए जाने का कार्य किया जा रहा है। कई किसानों की फसल का ब्यौरा अपडेट किया जा चुका है। जबकि कई किसानों की अभी रिकार्ड अपडेट नहीं हो पाया है । जिसके कारण सरकारी खरीद अभी शुरू नहीं हो पाई है।
वीरेंद्र मेहता, सचिव, मार्केट कमेटी सचिव सिरसा ।