बेघर लोगों के लिए ठंड में रात बीताने के लिए प्रशासन ने रैन बसेरा की व्यवस्था की है। रैन बसेरा में 26 चारपाई और 35 गर्म बिस्तरों की व्यवस्था की गई है।
ठहरने वालों के लिए गर्म पानी की भी व्यवस्था की गई है। एक कर्मचारी भी डीसी रेट पर नियुक्त किया गया है। इस वर्ष फरवरी माह में रैन बसेरा का जिम्मा नगर परिषद को दिया गया।
इससे पूर्व इसका रेड क्रॉस सोसायटी कर रही थी। ठंड बढ़ने के साथ ही प्रशासन की ओर से गरीब और बेघरबार वालों के लिए रैन बसेरा का संचालन शुरू कर दिया गया है।
तीन कमरों वाले इस रैन बसेरे में 26 चारपाइयों की व्यवस्था की गई है। कर्मचारी बंशीलाल का कहना है कि यहां पर गर्म पानी के लिए गीजर लगाया गया है।
पीने के पानी के लिए आरओ भी लगाया गया है। उसने बताया कि बताया कि ठहरने वालों में ज्यादा संख्या साधुओं की होती है। ठहरने का कोई शुल्क नहीं लिया जाता।
यहां पर एक 82 वर्षीय वृद्ध जोरा सिंह दो सालों से ठहरा हुआ है। उसे खाना भी चौकीदार ही खिलाता है। बंशीलाल ने बताया कि उसे पिछले 11 माह से वेतन नहीं मिला है।
इस मामले में नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी अतर सिंह खनगवाल ने कहा कि चौकीदार के वेतन के लिए उपायुक्त को लिखा गया है। अप्रूवल मिलते ही वेतन दे दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि अभी ठंड शुरू हुई है और अब रेलवे स्टेशन व बस अड्डे के बाहर रैन बसेरा के फ्लेक्स लगवा दिए जाएंगे ताकि जरूरतमंद रैन बसेरा में रात बीता सके।