सिरसा। सांसद और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव सैलजा ने हरियाणा सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल से पूरे प्रदेश में हजारों टन कचरा जमा हो गया है। इससे मानसून के मौसम में जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा पैदा हो सकता है।
सैलजा ने सरकार से कर्मचारियों के साथ संवेदनशीलता से बातचीत करने को कहा। उन्होंने कहा कि जायज मांगों का समयबद्ध समाधान सरकार की जिम्मेदारी है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, प्रदेश की 87 नगर निकायों और 103 दमकल केंद्रों के कर्मचारी आंदोलनरत हैं। हिसार में करीब 1000 टन कचरा जमा हुआ है।
रोहतक, सोनीपत, पानीपत, अंबाला सहित कई शहरों में सफाई व्यवस्था प्रभावित हुई है। बरसात में कचरे और जलभराव से संक्रमण का खतरा बढ़ जाता है। सरकार को तत्काल वैकल्पिक सफाई व्यवस्था के साथ कर्मचारियों से सार्थक बातचीत करनी चाहिए।
मैनहोल हादसे पर चिंता और मांगें
सैलजा ने फरीदाबाद के सेक्टर-25 में मैनहोल सफाई के दौरान एक कर्मचारी की मौत पर दुख जताया। उन्होंने इसे बिना सुरक्षा उपकरणों के सीवर में उतरने का दुर्भाग्यपूर्ण परिणाम बताया। मैनहोल में उतरे कर्मचारी जहरीली गैस की चपेट में आ गए थे। सैलजा ने घटना की निष्पक्ष जांच, जिम्मेदार लोगों की जवाबदेही तय करने और मृतक के परिवार को उचित मुआवजा व रोजगार देने की मांग की। उन्होंने घायल कर्मचारी के उपचार का पूरा खर्च सरकार द्वारा वहन करने तथा सुरक्षा उपकरणों के बिना किसी को सीवर में न उतारने पर भी जोर दिया।