डिपो की वर्कशॉप में खड़ी बसें।
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डिपो में किलोमीटर स्कीम के तहत जिले में 22 बसें सरकार द्वारा चलाई गई है। इन बसों को शुरू करने का मकसद जो रूट बंद पड़े हैं उनको बहाल करना तथा जिन रूटों पर बसों की कमी है उन्हें बसें देकर ग्रामीणों की समस्या को दूर करना था। लेेकिन डिपो में नई बसें आने के कारण पुरानी 22 बसों के भी पहिये रुक गए हैं। विभाग में डबवाली सब डिपो को मिलाकर पहले कुल 175 बसें थी। जिसमें 135 बसें सिरसा बेडे़ में मौजूद थी। बेडे़ में किलोमीटर स्कीम के तहत 22 बसें और शामिल होने पर सिरसा डिपो में बसें कुल 157 हो गई है। सिरसा डिपो में कुल 360 चालक परिचालक हैं। किलोमीटर स्कीम के तहत चलने वाली बसों में चालक रोडवेज के सिरसा डिपो से दिए गए हैं, जिस कारण लोकल रूट पर चलने वाले परिचालकों को नई बसों में शामिल कर दिया है।
रोडवेज के सिरसा डिपो में 12 फरवरी को पांच बसें किलोमीटर स्कीम के तहत भेजी गई थी। जिन्हें डिपो की ओर से दिल्ली तथा चंडीगढ़ के रूट पर भेजा गया था। वहीं 27 फरवरी को भी डिपो में 17 बसें और किलोमीटर स्कीम के तहत भेजी गई थी। सिरसा डिपो में किलोमीटर स्कीम के तहत कुल 22 बसें भेजी गई है। सभी बसों में रोडवेज के परिचालक लगाए गए हैं। जिनमें चालक ठेकेदार द्वारा दिए गए हैं। जिले में ग्रामीणों तथा रोडवेज प्रशासन में एक उम्मीद जगी थी कि नई बसें डिपो में आने के बाद लोकल रूटों पर सवारियों को फायदा होगा। इससे रोडवेज विभाग को भी फायदा होगा और ग्रामीण इलाकों से आने वाले विद्यार्थियों को कोई परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। लेकिन 21 दिन बीत जाने के बाद भी लोगों को कोई सुविधा नहीं मिल रही है, सुविधा तो दूर रोडवेज विभाग की चल रही बसें भी बंद होकर बस अड्डे में खड़ी हो गई है। ऐलनाबाद रूट पर पहले भी 34 फेरे मिस थे और अभी भी मिस हैं। जानकारी के अनुसार भादरा तथा नोहर रूट पर भी बसों के फेरे अभी तक बहाल नहीं हो पाए हैं। जिससे ग्रामीणों तथा शहर पढ़ने आने वाले विद्यार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। तालमेल कमेटी के प्रधान रामकुमार चुरनियां ने बताया कि 22 परिचालकों को किलोमीटर स्कीम की बसों पर भेजने के बाद सिरसा डिपो में कर्मचारियों की कमी हो गई है और बसों को रोकना पड़ गया है।
किसी भी रूट पर कोई परेशानी नहीं आ रही है। किलोमीटर स्कीम की बसों में परिचालकों की पक्की ड्यूटी लगा दी गई है। वहीं किलोमीटर स्कीम की बसें चलने के बाद कोई बस नहीं रुकी है।
-केआर कौशल, महाप्रबंधक, सिरसा डिपो।