सिरसा। चौधरी देवीलाल विश्वविद्यालय में परीक्षा व्यवस्था को लेकर विद्यार्थियों ने सोमवार को विरोध प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों ने मुख्य गेट के सामने वीसी का पुतला भी फूंका। वहीं रजिस्ट्रार ने विद्यार्थियों को आश्वासन दिया और परीक्षाओं को एक हफ्ते आगे स्थानांतरित कर दिया गया है।
सोमवार सुबह विश्वविद्यालय, राजकीय नेशनल कॉलेज, राजकीय महिला कॉलेज के विद्यार्थी गेट पर एकत्र हुए। छात्र नेता सुमित मेहता के नेतृत्व में एकत्र हुए विद्यार्थियों ने कैंपस में विरोध प्रदर्शन किया और नारेबाजी कर रोष जताया। इस मौके पर शिक्षा चौधरी, अजय, आजाद, राजेंद्र, प्रिया, सुमन, सुमित, संतलाल ने आरोप लगाया कि परीक्षा परिणाम सही तरीके से जारी नहीं हुए हैं। किसी की री-अपीयर निकाल दी गई है तो किसी को फेल कर दिया गया है। इतना ही नहीं उन्होंने मांग की कि यूथ फेस्टिवल के कारण परीक्षाओें को आगे बढ़ाया जाए क्योंकि पाठ्यक्रम पूरा नहीं हुआ है। इन समस्याओं को लेकर रजिस्ट्रार को ज्ञापन भी सौंपा। इतना ही नहीं मुख्य गेट के बाहर वीसी का पुतला भी फूंका। ज्ञापन सौंपने के दौरान रजिस्ट्रार डॉ. राजेश बंसल ने समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। इस दौरान परीक्षा नियंत्रक प्रो. राजकुमार सलार मौके पर मौजूद रहे।
बातचीत में ये दिए आश्वासन और ये हुए फैसले
1. परीक्षा परिणाम कि खामियों को (पास वाले विद्यार्थियों को फेल दिखाना व विद्यार्थियों के रिजल्ट में त्रुटियां हैं उनको अपडेट किया जाएगा) दूर किया जाएगा।
2. जो विद्यार्थी परीक्षा परिणाम कि जांच के दौरान पास हो जाते हैं उन विद्यार्थियों कि री-अपीयर फीस को यूनिवर्सिटी रिफंड करेगा।
3. यूनिवर्सिटी प्रशासन द्वारा डेट शीट में बदलाव कर दिया गया है। अब परीक्षाएं 15 दिसंबर की जगह 22 दिसंबर से शुरू होंगी।
4. विश्वविद्यालय की अधिकारिक वेबसाइट जल्द शुरू होगी।
5.जिन विद्यार्थियों के गणित के पेपर में री-अपीयर दिखाई है उनको 13 दिसंबर को अपडेट कर यूनिवर्सिटी कि आधिकारिक साइट पर अपलोड कर दिया जाएगा।
कुछ विद्यार्थी समस्या लेकर आए थे। उनकी मांग थी कि युवा महोत्सव के कारण पढ़ाई नहीं हुई, इसलिए परीक्षाओं को आगे किया जाए। इसलिए अब परीक्षाएं 22 दिसंबर से शुरू होंगी। इसके अलावा परीक्षा परिणाम को लेकर भी समस्या बताई है, उन्हें समाधान सुझा दिए हैं। जो री-चेकिंग में पास होगा, उसकी फीस रिफंड कर दी जाएगी। इसके अलावा वेबसाइट भी जल्द चलवा दी जाएगी।
-डॉ. राजेश कुमार बांसल, रजिस्ट्रार, सीडीएलयू, सिरसा।