सिरसा। राजस्व विभाग में सरकार की ओर से लागू किए गए नए सॉफ्टवेयर की तकनीकी खामियों और अधूरे आंकड़ों के विरोध में पटवारी एवं कानूनगो शुक्रवार को भी हड़ताल पर रहे। कामकाज बंद कर जिला मुख्यालय पर धरना दिया और सरकार के खिलाफ रोष जताया।
उनका कहना था कि बिना परीक्षण के पूरे प्रदेश में लागू किए गए नए सॉफ्टवेयर के कारण राजस्व संबंधी कार्य प्रभावित हो रहे हैं और आमजन को भी परेशानी उठानी पड़ रही है। वहीं सोमवार और मंगलवार को भी पटवारी हड़ताल पर रहेंगे। जिले में पटवारियों के 324 स्वीकृत पदों में करीब 200 खाली हैं। 79 नए पटवारी मिलने के बावजूद कार्यभार कम नहीं हुआ है।
उन्होंने बताया कि पुराने राजस्व रिकॉर्ड का पूरा आंकड़ा नए सॉफ्टवेयर में उपलब्ध नहीं है। इससे जमाबंदी तैयार करने और नए पोर्टल पर प्रविष्टि करने में परेशानी आ रही है। प्रदेश में 30 हजार से अधिक इंतकाल पुराने सॉफ्टवेयर में लंबित हैं। कई मामलों को मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन नए सॉफ्टवेयर में उनकी प्रविष्टि नहीं हो पा रही।
डिजिटल फसल सर्वे ने बढ़ाई मुश्किल
पटवारियों के अनुसार डिजिटल फसल सर्वे में प्रत्येक खेत की तस्वीर लेकर विवरण दर्ज करना पड़ता है। एक पटवारी के पास करीब पांच गांवों का जिम्मा होने से हजारों एकड़ भूमि का सर्वे चुनौती बन गया है।
कर्मचारियों ने सर्वे की दूरी सीमा बढ़ाने और प्रक्रिया सरल करने की मांग की है। नए सॉफ्टवेयर में क्षेत्रफल वर्ग मीटर में दर्ज होने तथा हिंदी विकल्प नहीं होने से भी परेशानी हो रही है। कर्मचारियों ने तकनीकी खामियां दूर करने और पुराना रिकॉर्ड अपलोड करने की मांग की। सोमवार की हड़ताल को लेकर फैसला रविवार शाम को लिया जाएगा।