रानियां। गांव खारियां के मुख्य बस अड्डे पर कुछ समय पहले लाखों के खर्च से बने महिला व पुरुष शौचालय जर्जर हालातों में है। इस कारण मजबूरी में यात्रियों व दुकानदारों को खुले में शौच करना पड़ता है। वहीं, महिलाओं को परेशानी का सामना उठाना पड़ रहा है। कई बार प्रशासन से गुहार लगाने के बाद भी आज तक इसकी सुध नहीं ली गई है।
खारियां के बाजार में आस पास लगते 20 गांवों के लोगों नियमित आते जाते रहते हैं। यहां पास के सभी गांवों के लिए बैंक, पैक्स कार्याल्य, कार्यालय बिजली विभाग, बाजार, प्राचीन धार्मिक स्थल बाबा मुंगा नाथ व बसों के ठहराव का स्थल है। बस स्टैंड के शौचालयों के खस्ता हालातों के चलते यहां से आने जाने वाले राहगीरों व दुकानदारों के लिए यह सबसे परेशानी का सबब बन गया है।
राहगीरों ने अपनी व्यथा सुनाते हुए कहा कि हमारे लिए मुख्य बाजार खारियां का बाजार है। यहां पर बाबा मुंगा नाथ एक धार्मिक स्थल भी है, जिस पर हर महीने मेला लगता है। बाबा के दर्शन करने के लिए नियमित रूप से आना जाना लगा रहता है। बस स्टैंड पर बने पंचायती शौचालयों में न तो सफाई की जाती है और न ही पानी की कोई व्यवस्था है। शौचालय के हालात बेहद खराब है। सबसे बड़ी समस्या यहां महिलाओं के लिए बन जाती है। जब किसी को शौचालय की जरूरत पड़ती है तो उन्हें कहीं व्यवस्था नहीं है।
कोई सफाई कर्मचारी तैनात नहीं किया गया
दुकानदारों का कहना है कि ग्राम पंचायत ने लाखों रुपये खर्च कर महिलाओं व पुरुषों के अलग-अलग शौचालयों की सुविधा तो बना दी। लेकिन इनके निर्माण के बाद अभी तक न तो इनकी सफाई की गई है और ना यहां पर कोई सफाई कर्मचारी तैनात किया गया है। इन शौचालयों में न तो टोटियां हैं न ही पानी की उचित व्यवस्था है। जरूरत पड़ने पर दुकानदारों को अपनी दुकान छोड़कर अपने घरों में जाना पड़ता है।
ग्राम पंचायत ने गांव के बस स्टैंड पर महिलाओं व पुरुषों के अलग-अलग शौचालय बनाए हुए हैं। जिनमें टोटियां, पानी की टंकी, पर्याप्त पानी की व्यवस्था की गई थी। वहां से दुकानों को तोड़कर नव निर्माण का कार्य होने वाला है। इस कारण शरारती लोगों ने इन शौचालयों से टोटियां चोरी कर ली व अव्यवस्था फैला दी। इस कारण दोनों शौचालयों को कुछ समय के लिए बंद कर दिया गया है। जैसे ही बस स्टैंड पर दुकानों का निर्माण कार्य पूरा होगा, उन्हें दुरुस्त करवाकर दोबारा शुरू करवाया जाएगा।
- तेग बहादुर पुनिया, सरपंच प्रतिनिधि खारियां।