बिजली किल्लत के विरोध में ओढां क्षेत्र के गांव बनवाला के लोगों ने गांव के बस स्टैंड पर घुकांवाली-बिज्जूवाली रोड पर एक घंटे तक यातायात जाम कर विद्युत विभाग के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने ईंटें पत्थर और वृक्ष की शाखाएं डालकर मार्ग को बाधित कर दिया, जिससे दोनों ओर वाहनों की लाइन लग गई। जाम की सूचना पाकर ओढां पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और कार्रवाई का आश्वासन देकर यातायात बहाल करवाया।
प्रदर्शनकारी विकास, सुरेंद्र, सतबीर, रमेश, सुखबीर, वेदप्रकाश, मनीराम, विक्रम और रवि आदि ने बताया कि गांव में पिछले काफी दिनों से विद्युत व्यवस्था के चरमराने के कारण लोगों का जीना दूभर हो गया है। बिजली न दिन के समय पर्याप्त मात्रा में मिल रही है और न रात के समय। जिस कारण पूरा गांव परेशान है। जब बिजलीघर में पता किया जाता है तो आगे कोई संतोष जनक जवाब नहीं मिलता।
ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि सोमवार रात भी गांव में बिजली का लंबा कट लगाया, जिससे भीषण गर्मी में लोगों ने मुश्किल से रात गुजारी। ग्रामीणों की समस्या सुनने के बाद एएसआई कृष्ण बिशभनोई ने उन्हें शांत करते हुए कहा कि रोड जाम करना किसी समस्या का समाधान नहीं है। उनकी इस समस्या को विद्युत विभाग के अधिकारियों तक पहुंचा दिया गया है।
लेकिन ग्रामीण इस बात पर अड़े रहे कि अधिकारी उनके बीच आए और उन्हें पूर्ण आश्वासन दें। इस दौरान जाम में फंसी हरियाणा रोडवेज की एक बस में सवार यात्रियों को भारी परेशानी से जूझना पड़ा। बेहाल हुए यात्री प्रदर्शनकारियों को कोसते नजर आए। पुलिस ने ग्रामीणों को जैसे तैसे समझा बुझाकर जाम खुलवा दिया, जिसके बाद इस भीषण गर्मी में जाम में फंसे वाहन चालकों ने राहत महसूस की।
लोगों ने पुलिस की मानते हुए जाम तो खोल दिया लेकिन मौके पर विद्युत विभाग के अधिकारियों का इंतजार करने के लिए डटे रहे, जिसके कुछ समय बाद एसडीओ एसके कंबोज और अन्य कर्मचारी मौके पर पहुंचे और उग्र ग्रामीणों को शांत करते हुए कहा कि रिसालिया और बनवाला के लोगों को बहुत बढ़िया विद्युत आपूर्ति मिल रही है। आपूर्ति के दौरान कई बार पीछे से कट लग जाते हैं फिर भी हम इसमें सुधार की कोशिश करेंगे।
फोटो विवरण:15एसआईआरपी18:सिरसा के गांव बनवाला में बिजली संकट को लेकर जाम लगाने वाले ग्रामीणों को समझाते पुलिस कर्मी कृष्ण बिशभनोई।