जाट आंदोलन को लेकर बंद हुई बसें हालात सामान्य होते ही सड़कों पर दौड़ने लगीं जिससे लोगों ने राहत की सांस ली। मंगलवार को करीब 70 बसें चलाई गईं।
जिले के विभिन्न क्षेत्र के अलावा राजस्थान और पंजाब के लिए भी बसें रवाना हुईं। हालांकि इन बसों का गांवों में रात्रि ठहराव नहीं करवाया जाएगा।
बुधवार से बसों की संख्या बढ़ने की संभावना हैं। अगले दिन से दूसरे राज्यों के लिए भी बस सेवाएं शुरू कर दी जाएंगी।
डीआई विजय कुमार ने बताया कि मंगलवार को 70 बसें शुरू की गई हैं। उन्होंने बताया कि सिरसा से फतेहाबाद, ऐलनाबाद, डबवाली, नोहर, भादरा सहित अनेक रूटों पर बसें चलाई गई हैं।
इसके अलावा पंजाब के रूट पर भी रास्ता खुलने के कारण बसें शुरू हो गई हैं। मंगलवार से पंजाब और राजस्थान के लंबे रूटों पर भी बसें चलाई जाएंगी।
इसी प्रकार पंजाब से आने वाली पंजाब रोडवेज की बसें नियमित रूप से चलीं। जिले में बसों के शुरू होने के बाद हफ्तों से फंसे लोगों ने अपने गंतव्य स्थान का रुख किया।
कई दिनों से जाम में फंसे लोगों को गंतव्य स्थानों तक पहुंचने की उम्मीद भी जग गई है। बता दें कि जिले में तीन दिन तक बसें बंद रहने के कारण प्राइवेट वाहन चालकों ने यात्रियों से दो से तीन गुना किराया वसूल रहे थे।
आज भी ट्रेन नहीं चलीं
भले ही बस सेवाएं बहाल होती दिखी पर ट्रेनें मंगलवार को भी बंद रहीं। स्टेशन अधीक्षक अमर सिंह ने बताया कि मंगलवार को एक भी ट्रेन नहीं चली।
उन्होंने बताया कि ट्रैक तैयार है जैसे ही निर्देश आएंगे ट्रेनें शुरू कर दी जाएंगी। उन्होंने कहा कि अभी तक उनके पास कोई सूचना नहीं है कि ट्रेन कब शुरू होंगी।
ट्रेनें बंद होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सिरसा से रिवाड़ी, बठिंडा, फिरोजपुर और फाजिल्का रूट बंद है।