यह समय महामारी से लड़ने का है, न कि प्रचार का भोंपू बजाने का। अगर इस लड़ाई में सरकार ने लापरवाही बरती तो हरियाणा में भी दिल्ली या मुंबई जैसे हालात हो सकते हैं। बीजेपी की तरफ से प्रदेशभर 14 से 17 जून तक होने वाली राजनीतिक रैलियों पर पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने मीडिया के समक्ष यह प्रतिक्रिया दी।
बता दें कि भूपेंद्र सिंह हुड्डा वीरवार को गोपाल कांडा की मां के निधन पर यहां शोक जताने आए थे। इस मौके पर उन्होंने वरिष्ठ कांग्रेस नेता डॉ. केवी सिंह द्वारा आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में रोज 300 से 400 कोरोना के मामले सामने आ रहे हैं। ऐसे में सरकार अपनी पीठ थपथपाने और बीमारी को राजनीतिक इवेंट बनाने की बजाय स्वास्थ्य सेवाओं पर ध्यान दें।
हुड्डा ने कहा कि गृह मंत्रालय की गाइडलाइंस में ऐसे तमाम राजनीतिक, सामाजिक समारोहों, सेमिनार और बैठकों पर रोक है, जिनमें भीड़ जुटने की संभावना है। बावजूद इसके बीजेपी सैकड़ों लोगों को इकट्ठा करके उनकी जान से खिलवाड़ करना चाहती है। अगर बीजेपी के पास खर्च करने के लिए इतना ही धन है तो उसे कोरोना की लड़ाई में इस्तेमाल करना चाहिए, न कि वर्चुअल रैलियों में। अपनी उपलब्धियां गिनवाने से पहले सरकार को अपनी विफलताओं पर भी नजर डाल लेनी चाहिए। धान, सरसों, मीटर, चना खरीद और शराब की अवैध बिक्री जैसे घोटाले हो रहे हैं। सरकार उनकी जांच करवाने की बजाय, उन पर पर्दा डाल रही है।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि ये विफलताओं, घोटालों और यूटर्न की सरकार बनकर रह गई है। अगर हम सरकार की विफलता गिनवाने के लिए रैलियां करेंगे तो लाखों लोगों की भीड़ जुटेंगी, लेकिन यह समय राजनीतिक टकराव की बजाय आपसी सहयोग का है। पिछले दिनों किसानों की मांग के आगे झुकते हुए सरकार ने धान पर लगाई पाबंदी को तो हटाया लेकिन वो अभी भी पंचायती जमीन पर रोक हटाने के लिए तैयार नहीं है। ऊपर से धान किसानों पर अप्रत्यक्ष मार मारने के लिए नई राइस शूट पॉलिसी भी लेकर आई है। भूजल संरक्षण के लिए किसानों पर पाबंदी लगाने की बजाय दादूपुर नलवी नहर परियोजना को फिर से शुरू करना चाहिए।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने सरकार से पीले राशन कार्ड धारकों के साथ, ग्रीन राशन कार्ड धारकों को भी राशन देने की अपील की थी, लेकिन आज भी उन लोगों को राशन नहीं मिल पा रहा है। इस दौरान पूर्व सीएम के साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री जयप्रकाश, डबवाली से विधायक अमित सिहाग, पूर्व विधायक प्रह्लाद सिंह गिल्लाखेड़ा, रामनिवास घोडेला, होशियारी लाल शर्मा, डॉ सुशील इंदौरा, भरत सिंह बेनीवाल, नवीन केडिया, मास्टर दलीप, रवि शर्मा, मोहन खत्री भी मौजूद थे।
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने गोपाल कांडा की मां के निधन पर जताया शोक
नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा सिरसा के विधायक गोपाल कांडा की मां के निधन पर शोक प्रकट करने के लिए सिरसा पहुंचे। उन्होंने शोक संतप्त परिवार से मिलकर पुण्य आत्मा को श्रद्धांजलि दी।