डबवाली। हरियाणा-पंजाब-राजस्थान की त्रिवेणी कहलाने वाला डबवाली शहर टोल टैक्स के शिकंजे में फंस गया है। शहर से बाहर निकलना आम जनता की जेब पर भारी पड़ रहा है। वहीं, घर के बाहर खड़ी गाड़ियों का भी फास्टैग से टोल कटने की शिकायतें सामने आईं। मंडी डबवाली निवासी स्वर्ण सिंह ने बताया कि 24 जनवरी को उनकी गाड़ी घर पर खड़ी होने के बावजूद चौटाला टोल पर 75 रुपये कट गए। धर्मपाल मित्तल ने बताया कि 28 जनवरी को घर के बाहर खड़ी गाड़ी का टोल कट गया। दोनों ने शिकायत उच्च अधिकारियों और एनएचएआई को दी है।
एनएचएआई के नियमों के अनुसार दो टोल प्लाजा के बीच कम से कम 60 किलोमीटर की दूरी होनी चाहिए और 20 किलोमीटर के भीतर रहने वाले स्थानीय निवासियों को टोल फ्री सुविधा मिलनी चाहिए। लेकिन डबवाली के चारों तरफ कम दूरी पर भारी-भरकम टोल वसूला जा रहा है, जबकि पड़ोसी गांवों को राहत मिल चुकी है। 40 किलोमीटर की दूरी पर 110 रुपये तक का टैक्स आम नागरिकों के लिए भारी बोझ बन गया है।
सियासी गलियारों में हलचल
इस मुद्दे पर डबवाली विधायक आदित्य देवीलाल ने कहा कि वह परिवहन मंत्रालय को पत्र लिखेंगे और डबवाली निवासियों के साथ भेदभाव नहीं होने देंगे। भाजपा नेता सतीश जग्गा ने भी कहा कि वे एनएचएआई अधिकारियों से बात कर स्थानीय लोगों के हित की पैरवी करेंगे। आम नागरिकों का सवाल है कि गाड़ी खरीदते समय जीएसटी, रोड टैक्स और तेल पर भारी टैक्स देने के बावजूद बिना सफर किए पैसे कटना क्या डिजिटल डकैती के अलावा और कुछ है? प्रशासन और टोल कंपनियों की कार्रवाई पर निगाहें टिकी हैं।