सिरसा में श्री गुरु जम्भेश्वर मंदिर परिसर में हरिकथा सुनते हुए श्रद्धालु।
सिरसा। बिश्नोई सभा के 50वें स्थापना दिवस पर श्री गुरु जंभेश्वर मंदिर परिसर में साप्ताहिक जांभाणी हरिकथा का आयोजन किया जा रहा है। इसका शुभारंभ शनिवार को पौधरोपण अभियान के साथ हुआ। सभा के प्रचार सचिव डॉ. मनीराम सहारण ने बताया कि आचार्य स्वामी रामाचार्य महाराज ने हरिकथा सुनाई। गुरु जंभेश्वर महाराज को नमन कर उन्होंने कथा की शुरुआत की। स्वामी रामाचार्य ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण में बिश्नोई समाज का अहम योगदान है।
आचार्य ने कहा कि पर्यावरण का संतुलन बिगड़ता जा रहा है। इसे सुधारने के लिए अधिकतम पौधरोपण की जरूरत है। हालांकि बिश्नोई समाज पर्यावरण संरक्षण के लिए बेहद संजीदा है। यह समाज पौधरोपण कर पौधों के पेड़ बनने तक उनकी देखभाल भी करता है। वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए भी बिश्नोई समाज ने ऐतिहासिक कदम उठाए हैं।
श्री गुरु जंभेश्वर मंदिर में पहुंचने पर सभा के सचिव ओपी बिश्नोई ने आचार्य स्वामी रामाचार्य महाराज का तिलक कर स्वागत किया। सभा के पदाधिकारियों ने भी आचार्य स्वामी रामाचार्य महाराज और उनके साथ आई मंडली का स्वागत किया। सभा के उपाध्यक्ष कृष्णपाल बैनीवाल, देशकमल बिश्नोई, सुशील बैनीवाल, राजाराम गर्ग, हवा सिंह बैनीवाल एडवोकेट, जगतपाल कड़वासरा, राजकुमार बैनीवाल, कृष्णलाल, जिले सिंह, दारा सिंह डेलू, दलीप सिंह आदि मौजूद रहे।