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Sirsa News: किसानों से वार्ता विफल रही तो बैरिकेड्स तोड़कर करेंगे दिल्ली कूच

Sun, 18 Feb 2024 11:46 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
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संवाद न्यूज एजेंसी
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सिरसा। पंजाब के किसानों के समर्थन में एनएच नौ पर पंजुआना नहर के पास किसान नेताओं ने पक्का मोर्चा लगा दिया है। यहां पक्का मोर्चे पर रविवार को एक साथ आठ किसान संगठनों ने हिस्सा लिया। इस दौरान हुई बैठक के बाद किसान नेताओं ने सरकार को खुलकर चेतावनी दी। कहा-अगर सरकार से बैठक बेनतीजा रही तो किसान बैरिकेड्स तोड़कर दिल्ली कूच करेंगे। जो किसानों को रोकेगा उसके साथ सीधा मुकाबला किया जाएगा।
किसान नेता जसवीर सिंह भाटी, मैक्स साहूवाला, गुरप्रीत गिल, गुरनाम सिंह झब्बर, बाबा गुरचरण सिंह ने कहा कि हम मोर्चा की सरकार के साथ बैठक में आने वाले निर्णय का इंतजार करेंगे। सरकार किसानों की मांगे मान लेती है तो किसान अपना धरना स्थगित कर देंगे। यदि मांग नहीं मानी जाती है तो किसान सब नाके तोड़कर सीधे दिल्ली जाएंगे। रोकने वालों से सीधा मुकाबला किया जाएगा।
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एक साथ आए आठ किसान संगठन
किसानों ने गांव पजुआना की नहर पर पक्का मोर्चा लगाया हुआ है। इस मोर्चा की अगुवाई आठ किसान संगठनों के नेता मिलकर कर रहे हैं। जहां अभी तक किसान संगठन अलग अलग अपना दम खम दिखा रहे थे। अब एकजुट होने लगे हैं और सभी ने एक ही दिल्ली कूच को लक्ष्य बनाया हुआ है। किसानों को रोकने के लिए प्रशासन गांव खैरेकां के पास हाईवे पर घग्गर पुल पर किलेबंदी की हुई है।

सरकार ने बना रखा है इमरजेंसी जैसा माहौल
गांव थराज के फौजा सिंह, गांव ख्योंवाली के सुखदेव सिंह, रमनगिल, इकबाल गिल आदि ने कहा कि सरकार व प्रशासन बैरिकेड व अवरोधक लगाकर किसानों को रोकने को काम कर रहे हैं। प्रशासन ने गावों को जोड़ने वाले रास्तों पर भी नाकाबंदी कर रखी है, जो सरासर गलत व तानाशाही है। किसानों ने कहा कि सरकार ने इमरजेंसी जैसा माहौल बना रखा है। लोगों का अपने घरों से निकलना मुश्किल हो गया है। इंटरनेट बंद होने से बच्चों की परीक्षाओं पर बुरा असर पर पड़ रहा है। सरकार के इस तानाशाही रवैये को किसान बर्दाश्त नहीं करेगा।


बॉक्स
पक्का मोर्चा में शामिल हुए किसान संगठन
राष्ट्रीय किसान संगठन, किसान यूनियन कालांवाली, भारतीय किसान एकता सिरसा, भारतीय किसान एकता कालांवाली, किसान मंच रानियां, किसान मंच कालांवाली, किसान पंचायत।




किसान नेता ने गांव गांव जाकर शंभू और खनौरी बॉर्डर का सुनाया दर्द सुनाया
फोटो : 12
सिरसा से भारतीय किसान एकता के प्रदेशाध्यक्ष लखविंदर सिंह औलख किसानों के 13 फरवरी को खनौरी सीमा पर गए थे। अब वे वहां से आकर मौजूदा हालात और किसानों के दर्द को गांव गांव सुना रहे हैं। लखविंद्र सिंह औलख ने रविवार को गांव भंगू में रोड़ी, रघुआना, साहुवाला, पंजुआना, रोहिड़ावाली, मल्लेवाला झीड़ी, भंगू, खुईया नेपालपुर, बडागुढ़ा, वीरूवालागुढ़ा के किसानों के साथ बैठक की। इसमें आंदोलन के बारे में जानकारी दी और आगे की रूपरेखा के बारे में भी बताया।

गांव चकेरिया से जीगर दीप के हाथ में आसू गैस का गोला फटने से लगे 7 टांके
औलख ने बताया कि सिरसा जिले से बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर ट्राॅलियों के साथ खनौरी बॉर्डर पर डटे हुए हैं। पुलिस के अत्याचार से सिरसा के किसानों को चोटें आई हैं। गांव चकेरिया से जीगर दीप के हाथ में आसू गैस का गोला फटने से 7 टांके लगे हैं। वहीं रोड़ी से गुरप्रीत सिंह जैलदार को भी आसू गैस के गोले से काफी चोटें लगी हैं।
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गलत प्रचार करने वाले किसानों नेताओं को लिया आडे हाथे

सोशल मीडिया पर आंदोलन को लेकर गलत प्रचार करने वाले किसान नेताओं पर औलख ने कहा कि सोशल मीडिया पर गलत प्रचार करने वाले सरकार से भी ज्यादा खतरनाक है। जो अपने ही किसान भाइयों के विरुद्ध प्रचार करके उनकी लड़ाई को कमजोर कर रहे हैं। एक तरफ तो दिल्ली कूच के प्रोग्राम के खिलाफ वीडियो डाल रहे हैं, दूसरी तरफ समर्थन देने का ड्रामा रच रहे हैं। किसान समाज सब देख रहा है वह इन्हें कभी माफ नहीं करेगा।
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