जिला खाद्य एवं औषधि विभाग ने मंगलवार को शहर के तीन कोल्ड स्टोर पर रखे मावा की जांच की। इस दौरान कोल्ड स्टोर में रखा पांच क्विंटल मावा खराब पाया गया, जिसे टीम ने नष्ट करवा दिया। इस मावे से बर्फी बनाई जानी थी। स्वीट्स संचालकों ने विभाग को मावे की जांच करने के लिए खुद सूचना दी थी।
जानकारी के अनुसार लॉकडाउन के पहले जिला भर के हलवाइयों ने शहर के तीन कोल्ड स्टोर में अपना माल स्टॉक किया हुआ था। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि करीब तीन कोल्ड स्टोर में कुल पांच क्विंटल खोया खराब मिला है, जिसे नष्ट करा दिया गया। उन्होंने बताया कि जिन स्वीट्स संचालकों का यह सामान था, उन्होंने खुद ही विभाग को सूचना दी थी लॉकडाउन से पहले का खोया कोल्ड स्टोर में पड़ा है, इसलिए इसकी जांच करवाई जाए कि कहीं ये खराब तो नहीं हुुआ। सूचना पर डबवाली रोड पर स्थित डूमरा कोल्ड स्टोर पर जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने निरीक्षण कर जांच शुरू की। जांच के बाद पता चला कि शहर के दो नामी स्वीट्स संचालकों ने 40 से 45 दिन से माल को रखा हुआ है। टीम ने जब इसकी जांच की तो देखा कि खोया पर फंगस लगी हुई थी। अधिकारी महावीर सिंह, बृजलाल ने संबंधित स्वीट्स संचालकों को मौके पर बुलाया। संचालकों को बताया कि यह खोया अब बर्फी के लायक नहीं है, इसलिए इसे नष्ट किया जाए। तक शाम तक लगभग पांच क्विंटल मावा जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा नष्ट करा दिया। वहीं स्वीट्स संचालक राजेश, निर्मल ने बताया कि उन्हें अंदेशा था कि कोल्ड स्टोर में रखा हुआ मॉल खराब हो गया है, इसलिए हमने विभाग को सूचित किया।
शहर के कोल्ड स्टोर की जांच की जा रही है। अगर किसी भी कोल्ड स्टोर में रखा माल खराब हो गया है तो उसे बाहर फेंका जा रहा है। जिले में करीब तीन कोल्ड स्टोर हैं, जिसमें पांच क्विंटल मावा खराब पाया गया है। जिसे बाहर फेंक दिया गया है।
- महावीर सिंह, जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग।