कालांवाली में अपने कार्यालय में अधिकारियों की बैठक लेते हुए एसडीएम मोहित कुमार।
कालांवाली। फसल अवशेष प्रबंधन को लेकर एसडीएम मोहित कुमार ने अपने कार्यालय में संबंधित विभागों के अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में कृषि विभाग के अधिकारियों, पंचायत राजस्व और पशुपालन विभाग के अधिकारी व कर्मचारी शामिल हुए। बैठक में दिशा-निर्देश दिए गए कि गांव स्तर पर जिन अधिकारियों व कर्मचारियों की टीम बनाकर ड्यूटी लगाई गई है वे किसानों को फसल अवशेष प्रबंधन योजना के बारे में पूर्ण जानकारी दें। इसके लिए हर गांव में नुक्कड़ सभा व जागरूकता शिविरों का आयोजन करके कृषि यंत्रों जैसे बेलर मशीन सुपर सीडर मल्चर मशीन और चॉपर के बारे में जानकारी दें।
अधिकारी ने किसानों को बताया कि इसका उपयोग करके फसल अवशेष का कैसे उचित प्रबंधन करना है, ताकि हमारी मिट्टी व वातावरण शुद्ध व स्वस्थ रह सकें। किसान कम खर्च में मलचिंग तकनीक माध्यम से अपने फसल अवशेषों का प्रबंधन भी कर सकते है और साथ में गेहूं की बिजाई भी समय पर कर पाएगे। एसडीएम मोहित कुमार ने बताया कि बैठक में सरकार की ओर से सख्त निर्देश दिए गए हैं की पराली को आग नहीं लगानी है। पराली का प्रबंधन करना है उसी को लेकर सभी से बात की गई है। अगर फिर भी कोई किसान पराली को आग लगाता है तो सरकार की हिदायत अनुसार उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ-साथ जो सरकार की तरफ से किसान योजनाओं का लाभ ले रहे हैं, वह भी नहीं दी जाएगी।
इसके साथ-साथ पुलिस विभाग और कृषि विभाग के अधिकारियों को भी दिशा निर्देश दिए गए हैं कि कहीं भी कोई अग्नि की घटना होती है तो तुरंत कार्रवाई अमल में लाई जाए। उन्होंने बताया की पराली को आग नहीं लगाने को लेकर गांव गांव जाकर किसानों को जागरूक भी किया जाएगा इसके लिए अधिकारियों,ग्राम सरपंचों और पटवारी की ड्यूटी लगाई गई है।