कालांवाली की मंडी में डीएपी के लिए किसानों की लगी लाइनें।
सिरसा। जहां वाहन चालक या आमजन धुंध में हादसों का खतरा होने के चलते घरों से बाहर नहीं निकलते हैं। वहीं, अन्नदाता यानि किसान सुबह पांच बजे डीएपी खाद को लेने के लिए लाइनों में लगा हुआ नजर आया। सिरसा के नेहरू पार्क में जहां लंबी लाइनें देखने को मिली। वहीं, कालांवाली में भी बड़े स्तर पर किसान मंडी में अलसुबह से ही पहुंच गए थे। ऐसा ही आलम पूरे जिले में देखने को मिला। क्योंकि शनिवार को जिले में 34500 डीएपी के बैग पहुंचे थे। इनमें से 17000 बैग सोसायटियों में पहुंचाए गए थे, ताकि किसानों को लंबा सफर तय न करना पड़े।
जानकारी के अनुसार सिरसा के तीन खरीद केंद्रों पर सुबह 750 टोकन अधिकारियों ने बांटे। सुबह 10 बजे अधिकारियों ने टोकन बांटने शुरू कर दिए थे। इसके बाद तीन-तीन बैग डीएपी का वितरण शुरू करवाया गया। सभी खरीद केंद्रों पर टोकन बांटे गए ताकि किसानों को डीएपी खाद मिल सके। गेहूं की बिजाई में हो रही देरी के कारण किसानों की लंबी लाइनें डीएपी को लेकर देखने को मिल रही है। इतना ही नहीं, चर्चाएं हैं कि डीएपी हरियाणा से पंजाब और राजस्थान के साथ लगते इलाकों में महंगे दामों पर बेची जा रही हैं। हालांकि अभी तक इस तरह का कोई मामला सामने नहीं आया है और न ही अधिकारियों को शिकायत प्राप्त हुए हैं।
8000 बैग बांटे
जिले भर में रविवार को बड़े स्तर डीएपी का आवंटन किया गया। सिरसा शहर में जहां 3000 बैग का आवंटन किया गया। जिले में खरीद केंद्रों पर 5000 बैग के करीब आवंटन किया गया। अधिकारियों के अनुसार सोमवार को भी डीएपी का वितरण किया जाएगा।
डीएपी की कमी नहीं है। डीएपी का वितरण किया जा रहा है। जिले में रविवार को बड़े सतर पर डीएपी वितरित की गई है। शहर में 3000 बैग डीएपी का वितरण किया गया है।
-अमित शर्मा, एसडीओ