जाखल। भाजपा प्रत्याशी अशोक तंवर व राज्यसभा सांसद सुभाष बराला के काफिले पर हमले के आरोप में किसानों पर दर्ज केस रद्द करवाने को लेकर जाखल थाने के बाहर 20 मई से चल रहा धरना स्थगित कर दिया गया है। धरने का नेतृत्व कर रही पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति ने धरना स्थगित करने की घोषणा की है।
किसान संघर्ष समिति के राज्य प्रधान मंदीप नथवान ने कहा कि 4 जून काे लोकसभा चुनाव का परिणाम आने के बाद किसानों पर दर्ज मामलों को लेकर संघर्ष करने की रणनीति पर फैसला लिया जाएगा। जाखल उपतहसील कार्यालय में बाढ़ से बर्बाद हुई फसलों के मुआवजे की मांग को लेकर धरना जारी रहेगा। मंगलवार को धरना स्थगित करने के दौरान समिति के जाखल ब्लॉक प्रधान लाभ सिंह उदयपुर, बलकार सिंह, जग्गी महल, गोरा सिंह, हरविंद्र सिंह, गुरतेज सिंह, लखविंद्र साधनवास, हरपाल कलेर, हरमोहन सिंह सहित कई किसान मौजूद रहे।
गौरतलब है कि 18 मई को जाखल मंडी में भाजपा कार्यकर्ताओं की ओर से हनुमान चालीसा कार्यक्रम रखा गया था। इस कार्यक्रम में रात्रि को भाजपा प्रत्याशी अशोक तंवर और राज्यसभा सांसद सुभाष बराला भी शामिल हुए थे। यहां उनके विरोध के लिए किसान पहुंच गए थे। कार्यक्रम में राजनीतिक भाषण को लेकर किसानों ने विरोध करना शुरू कर दिया। बाद में बवाल इतना बढ़ गया कि भाजपा नेताओं के काफिले पर लाठी-ठंडों से हमला कर दिया गया। हालांकि, किसानों ने भी एक किसान पर काफिले की गाड़ी चढ़ाने का आरोप लगाया था। इस दिन दो अलग-अलग मामले में जाखल पुलिस ने 25 किसानों को नामजद करते हुए करीब 120 किसानों पर केस दर्ज किया था। किसानों पर हत्या प्रयास तक की धाराएं लगाई गई थीं।