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पीपीपी में त्रुटियां : खामियां दूर करवाने एडीसी कार्यालय पहुंचे लोग बोले- साहब, इतनी आय होती तो दिहाड़ी क्यों करते? अब राशन के भी पड़े लाले

Tue, 28 Mar 2023 11:45 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
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भूपेंद्र पंवार
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सिरसा। जिले में 25 हजार से ज्यादा लोगों के राशन कार्ड रद्द हो गए हैं। इसका मुख्य कारण परिवार पहचान पत्र में सालाना आय 1.80 लाख से ज्यादा होना है। ऐसे में त्रुटिवश जिनके परिवार पहचान पत्र में गड़बड़ हुई है, उनके राशन के लाले पड़ गए हैं और अब वे त्रुटियां ठीक करवाने के लिए अधिकारियों के कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर हैं। मंगलवार को एडीसी कार्यालय में आए लोगों ने अपनी आपबीती सुनाते हुुए गिड़ड़ाते हुए समस्या के समाधान की मांग की। इस दौरान लोग ने अधिकारियों से कहा कि साहब, अगर सालाना आय 5 लाख रुपये होती, तो दिहाड़ी ही क्यों करते? वहीं, परिवार पहचान पत्र का पोर्टल ठप हो गया, जिससे पीड़ितों को निराश होकर लौटना पड़ा।
सरकार के आदेश हैं कि परिवार पत्र में जिन परिवारों की सालाना आय 1.80 लाख रुपये ज्यादा हैं, उनके राशन कार्ड रद्द कर दिए जाएं। जिले में 25 हजार से ज्यादा लोगों के राशन कार्ड रद्द हो गए। एक अनुमान है कि इनमें 20 हजार से ज्यादा ऐसे लोग भी चपेट में आ गए, जो वाकई गरीबी रेखा यानी 1.80 सालाना आर्य से नीचे की श्रेणी में थे। अभी तक सभी के परिवार पहचान पत्रों की त्रुटियां ठीक नहीं हो पाई हैं। मंगलवार को पोर्टल भी ठप हो गया। इससे एडीसी कार्यालय में त्रुटियां ठीक करवाने आए पीड़ितों को निराश होकर लौटना पड़ा। कर्मचारियों ने पीड़ितों को दो टूक जवाब दे दिया कि जब पोर्टल चलेगा, तब आ जाना, त्रुटियां ठीक करवा देंगे।
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पीड़ितों को फोन करके बुलाया, लेेकिन नहीं चला पोर्टल तो बढ़ी समस्या
एडीसी कार्यालय में परिवार पहचान पत्र ठीक करवाने की ब्रांच है। कुछ लोग एकत्र होकर शुक्रवार को अतिरिक्त उपायुक्त डॉ. आनंद कुमार के पास आए थे। उन्होंने बताया था कि परिवार पहचान पत्र में त्रुटियां हैं, इससे सालाना आय ज्यादा दिखा दी गई और राशन कार्ड रद्द हो गए। अब राशन मिलना भी बंद हो गया है। ऐसे में एडीसी डॉ. आनंद कुमार शर्मा ने संबंधित कर्मचारियों को बुलाकर तुरंत समस्या के समाधान करवाने के आदेश दिए। सोमवार को एडीसी कार्यालय से उक्त लोगों के पास फोन कर मंगलवार को कार्यालय बुलाया गया। मंगलवार को उक्त लोग आए तो पोर्टल ठप हो गया। ऐसे में पीड़ितों को पहले इंतजार करने के लिए कहा गया, जबकि बाद में ये कहते हुए वापस भेज दिया कि पोर्टल चलेगा तो दोबारा बुलाएंगे। इस पर पीड़ितों ने कहा कि रोज-रोज दिहाड़ी खराब होती है, क्या करें?

पीड़ितों की कहानी....उन्हीं की जुबानी
साहब, मेरे परिवार की सालाना 5 लाख रुपये कमाई दिखा दी। इससे राशन कार्ड कट गया। हमारी शक्ल और हालात देखिए। क्या आपको लगता है कि मेरी कमाई पांच लाख रुपये है। इतनी आय होती तो दिहाड़ी ही क्यों करते? राशन कार्ड रद्द से अब राशन मिलना भी बंद हो गया है। -कलावती देवी, गांव दड़बी।

मैं दिहाड़ी करके परिवार का पेट पालता हूं। एकमात्र सहारा राशन कार्ड का था। इससे राशन मिल जाता था। अब राशन कार्ड भी रद्द हो गया। सरकारी बाबू कहता है कि तेरी 2.50 लाख सालाना कमाई है। कैसे समझाऊं उन्हें। समस्या लेकर यहां आया था लेकिन अब ये लोग कहते हैं कि कंप्यूटर नहीं चल रहा। साहब, मदद कीजिए। -मांगे राम, गांव दड़बी।
परिवार पहचान पत्र में गड़बड़ी हो गई तो राशन कार्ड रद्द ह गया। हम शुक्रवार को यहां आए थे। बड़े साहब ने कहा था कि जल्दी ठीक कर देंगे। सोमवार को यहां से फोन आया और मंगलवार को बुलाया। दिहाड़ी छोड़कर आया हूं, लेकिन अब कह रहे हैं कि बाद में आना। दिहाड़ी का भी नुकसान हो गया, काम भी नहीं हुआ।- रवि कुमार। गांव भुर्टवाला।

तीन महीने में 20 से ज्यादा बार यहां के चक्कर काट चुका हूं। हर बार 100 रुपये बस का किराया लगता है। ऊपर से दिहाड़ी भी खराब होती है और राशन कार्ड भी कट गया। ये लोग एक ही बात बोलते हैं कि बाद में आना। साहब, हम तो परेशान हो गए हैं। क्या करें? -राहुल। गांव भुर्टवाला।
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पोर्टल बंद हो गया था, जल्द करवाएंगे समाधान : एडीसी
उक्त लोग शुक्रवार को आए थे। इसलिए सोमवार को फोन करके मंगलवार को बुलाया था। अब पोर्टल बंद हो गया। फिर भी हमारा प्रयास है कि पोर्टल चलते ही इनकी समस्या का समाधान करवा दिया जाएगा। -डॉ. आनंद कुमार शर्मा। एडीसी, सिरसा।
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