सिरसा। पेयजल की किल्लत के कारण शहरवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शहर में करीब 80 ट्यूबवेलों के माध्यम से पेयजल की सप्लाई अधिकांश क्षेत्रों में भेजी जाती है। लेकिन इनमें से 40 ट्यूबवेल ऐसे हैं जिनका जलस्तर बोर में डाली मोटर से 100 फुट नीचे है। जिसके कारण जमीन से ही पानी की मात्रा कम आ रही है। पानी की मात्रा कम होने के कारण कॉलोनियों में भी अब कम पानी की सप्लाई हो रही है। जमीन में पानी की गहराई 400 फुट तक नीचे पहुंच चुकी है, लेकिन ट्यूबवेल 300 फुट की गहराई तक लगे हैं ऐसे में कैसे आपूर्ति हो पाएगी?
गर्मी बढ़ने के साथ ही पानी की खपत बढ़ गई है। अधिकांश क्षेत्रों में दो-तीन दिनों तक पानी की सप्लाई नहीं दी जा रही है। शिकायत मिलने पर जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचकर आश्वासन देकर वापस लौट आते हैं, परंतु समस्या का कोई समाधान नहीं निकल रहा। जमीन में पानी का लेवल 400 फुट की गहराई तक पानी पहुंच गया है, जबकि आधे से ज्यादा ट्यूबवेल 300 फुट की गहराई में ही हैं, जिस कारण पेयजल सप्लाई में दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। शहरवासियों को पेयजल के चलते आर्थिक व मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोग 700 से 800 रुपये देकर टैंकर मंगवा रहे हैं। परंतु विभाग की ओर से पेयजल व्यवस्था में सुधार को लेकर कोई ठोस प्रबंधक नहीं किए जा रहे हैं। ट्यूबवेल से सप्लाई होने वाली पानी का प्रेशर कम होने की शिकायतें भी आ रही है, जिस कारण सभी घरों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है।
16 दिन की नहरबंदी बनी परेशानी
भाखड़ा डेम में पानी का लेवल नीचे जाने से जिले की नहरों को सात दिन चलाकर 16 दिनों की बंदी ली जा रही है। ऐसे में पर्याप्त मात्रा में जलघरों में पानी का स्टोरेज नहीं हो पा रहा है। जिसके चलते शहर में पेयजल गंभीर समस्या के रूप में सामने आ रहा है। सिंचाई विभाग का कहना है कि आगामी माह तक भाखड़ा डेम में पानी का लेवल सुधरने की संभावना है, जिसके बाद नहरों की बंदी का समय कम किया जा सकता है। परंतु तब तक यह समस्या जस की तस रहने के आसार हैं।
पेयजल सप्लाई में बाधा बन रहे बिजली कट
गर्मी बढ़ने के कारण शहरवासी पेयजल समस्या का सामना कर रहे थे कि अब बिजली विभाग ने भी अघोषित कट लगाने शुरू कर दिए हैं। दिन में अनेकों बार बिना किसी सूचना के बिजली के कट लग रहे हैं, जिस कारण पेयजल सप्लाई की व्यवस्था बिगड़ गई है। बिजली कट के चलते तय समय पर पानी की सप्लाई नहीं छोड़ी जा रही है। वहीं जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग का कहना है कि अगर बिजली कट का समय निर्धारित हो तो पेयजल सप्लाई के समय को भी बदला जाए, परंतु अघोषित कट के चलते परेशानी उठानी पड़ रही है।
जो ट्यूबवेल ठीक चल रहे हैं वहां कोई समस्या नहीं है। अगर कोई ट्यूबवेल फेल हो जाता है और पानी नहीं आता तो विभाग की मेकेनिकल टीम उसकी जांच करेगी।
- विजय कुमार, एसडीओ, जन स्वास्थ्य एवं अभियांत्रिकी विभाग सिरसा।