डिंग मंडी। डिंग मंडी क्षेत्र अव्यवस्था का शिकार है। क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं की भारी कमी का सामना क्षेत्र के लोगों को करना पड़ रहा है। कहीं गलियां टूटी हुई हैं, तो कहीं सड़कों में गहरे गड्ढे हैं, जिनके कारण कई बार हादसे हो चुके हैं। गलियों में गंदगी फैली हुई है। इस कारण बीमारियों को खतरा पैदा हो गया है।
इन सबसे बड़ी समस्या है डिंग मंडी रेलवे अंडरब्रिज। इसमें बारिश आने के बाद जलभराव की स्थिति पैदा हो जाती है। हाल ही में हुई बारिश के दौरान पुलिया पूरी तरह से पानी में डूब जाती है। इससे आवागम पूरी तरह से बाधित हो जाता है। खास बात यह है कि यह मार्ग राजस्थान को पंजाब से जोड़ता है, जिस पर दिनभर भारी व वाहनों को आवागमन होता है।
अंडरब्रिज के अंदर जलभराव के कारण गड्ढे बन चुके हैं। इनके दोपहिया वाहन चालकों के हादसा होने का खतरा बढ़ गया है। एक सप्ताह पहले हुई बारिश का पानी एक से दो फीट अभी जमा है। पानी की निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है। रामकुमार, राजेश कुमार, मनोहर लाल आदि ने ग्रामीणों ने बताया कि कई बार प्रशासनिक अधिकारियों और नेताओं को ज्ञापन सौंप चुके हैं।
आज तक कोई समाधान नहीं हुआ है। चुनावों के दौरान बड़े-बड़े वादे नेता जरूर करके जाते है। स्थायी समाधान की दिशा में आज तक किसी ने काम नहीं किया है। उन्होंने कहा कि मौजूदा सांसद कुमारी सैलजा भी सांसद बनने के बाद एक बार भी डिंग मंडी में नहीं आई है। इनका लोग इंतजार कर रहे हैं।
लोगों का कहना है कि रेलवे अंडरब्रिज की समस्या का समाधान सांसद स्तर पर ही संभव है, क्योंकि यह रेलवे विभाग से जुड़ा मामला है। वर्षों से ग्रामीणों की ओर से अंडरब्रिज के स्थान पर ओवरब्रिज की मांग की जा रही है, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही। हर मानसून में पानी जमा होने से लोग घंटों फंसे रहते हैं, बच्चे स्कूल नहीं जा पाते और मरीज अस्पताल तक नहीं पहुंच पाते।
रेलवे स्टेशन रोड के हालात भी खस्ता
ग्रामीणों के अनुसार, डिंग मंडी रेलवे स्टेशन के सामने वाली सड़क की हालत भी बद से बदतर बनी हुई है। मामूली बारिश में ही सड़क पर जलभराव हो जाता है। इससे स्टेशन तक पहुंचना यात्रियों के लिए मुश्किल हो जाता है। सरकार स्वच्छ सर्वेक्षण ग्रामीण की बात करती है। डिंग मंडी की स्वच्छता व विकास के हालात बुरे हैं। स्थानीय निवासियों ने सांसद कुमारी सैलजा से मांग की कि वह डिंग मंडी का दौरा करें और समस्याओं का स्थायी समाधान करवाएं।