फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sirsa: बच्ची नूर का हुआ अंतिम संस्कार, परिजन व ग्रामीणों ने धरना किया खत्म; 22 दिसंबर को होगी सीएम मुलाकात

Fri, 19 Dec 2025 03:21 PM IST
नवीन दलाल संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा (हरियाणा)

सार

बच्ची नूर को न्याय दिलाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट में केस चलाया जाए।आरापियों और पीड़ितों के घर की एक दीवार लगती है। पीड़ितों को परिवार से खतरा है। इनके घर को गांव से बाहर किया जाए। पीड़ित परिवार को सरकार से आर्थिक सहायता दी जाए।
विज्ञापन
बच्ची नूर - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

रामपुरा बिश्नोईया गांव में अपहरण के बाद बच्ची नूर की हत्या के मामले में तीन दिनों से चल रहा धरना शुक्रवार को समाप्त हो गया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वीडियो कॉल के माध्यम से पीड़ित परिवार और ग्रामीणों से बात की और कई मांगों पर सहमति जताई, जिसके बाद परिजनों ने दोपहर दो बजे बच्ची का अंतिम संस्कार कर दिया।

विज्ञापन


डबवाली एसडीएम अर्पित सिंघल ने अपने फोन से वीडियो कॉल करवाकर मुख्यमंत्री से परिजनों की बात करवाई। सीएम ने कहा कि वे इस घटना से बेहद दुखी और आहत हैं। कमेटी ने लिखित मांगपत्र सौंपा, जिस पर सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन मिला।

ग्रामीणों ने यह रखी थी मांग
बच्ची नूर को न्याय दिलाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट में केस चलाया जाए। आरापियों और पीड़ितों के घर की एक दीवार लगती है। पीड़ितों को परिवार से खतरा है। इनके घर को गांव से बाहर किया जाए। पीड़ित परिवार को सरकार से आर्थिक सहायता दी जाए। परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए। जो भी अपराधी इस हत्या में संलिप्त है, सभी को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। मृतक नूर के नाम पर गांव में स्मारक बनाया जाए। समस्त समाज मांग करता है कि इस तरह की घटनाओं को पुनावृति न हो। इसलिए सख्त से सख्त कानून बनाए जाए। 
विज्ञापन


सीएम करेंगे बच्ची के माता पिता से मुलाकात
बच्ची नूर के माता पिता से मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी स्वयं मुलाकात करेंगे। इसको लेकर 22 दिसंबर को मुख्यमंत्री आवास पर उन्हें बुलाया गया है। कमेटी के लोग और परिवार के सदस्य मिलने जाएंगे। इस पूरे मामले पर मुख्यमंत्री बातचीत की है।  

इन पर बनी सहमति 

  • बच्ची नूर का केस फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाया जाएगा। 
  • सरकारी नौकरी को लेकर एसडीएम की अगुवाई में कमेटी मुख्यमंत्री से मुलाकात करेगी। 
  • सरकार के नियमानुसार ज्यादा से ज्यादा परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध करवाने का प्रयास किया जाएगा।  
  • गांव के अंदर स्मारक बनाया जाएगा।
  • हत्या मामले में जुड़े किसी भी संलिप्त को बख्शा नहीं जाएगा।  
  • पूरे मामले में एसआईटी गठित की जाएगी, जो मामले की आगामी जांच करेगी। 

अपराधियों और बच्ची के कपड़ों को पुलिस ने जांच के लिए भेजा 
कमेटी सदस्यों को डीएपी ने बताया कि अनैतिक कार्य जैसी घटना हुई है या नहीं। इसको लेकर अपराधियों और बच्ची के कपड़ों को जांच के लिए भेजा गया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर पुष्टि हो पाएगी। 

सभी मुकदमे वापस लेने का दिया आश्वासन 
कमेटी सदस्यों ने बताया कि पुलिस के साथ सकारात्मक वार्ता हुई है। इस वार्ता के अंदर पुलिस ने आश्वासन दिया है कि संघर्ष समिति के सदस्यों पर दर्ज किए गए मुकदमों को रद्द किया जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें