जिले के बड़ागुढ़ा क्षेत्र में खेतों में घास लेने जा रही एक दलित महिला के साथ पांच लोगों ने गैंगरेप किया। उक्त लोगों ने शाम तक महिला को बंधक बनाए रखा और उसकी अस्मत लूटते रहे। पीड़िता की शिकायत पर महिला थाना पुलिस ने गैंगरेप के आरोप में दो सगे भाइयों व तीन अन्य लोगों के खिलाफ गैंगरेप और एससी/एसटी एक्त के तहत केस दर्ज किया है।
महिला थाने में पुलिस को दिए बयान में गैंगरेप की शिकार महिला ने बताया कि वह 11 अगस्त की दोपहर खेत में घास लेने जा रही थी। रास्ते में गांव में ही रहने वाले दो लोगों ने उसका रास्ता रोका और हाथ पकड़ लिया। उसने शोर मचाया तो उक्त दोनों के तीन अन्य साथी भी उसके साथ मिल गए और वह उसका मुंह बंद करके खींचकर खेतों के बीच ले गए। उक्त लोगों में से किसी ने उसका हाथ पकड़ लिए तो किसी ने पैर। उसका मुंह भी कपड़े से बंद कर दिया गया।
इसके बाद उक्त लोगों ने बारी-बारी उसके साथ बलात्कार किया। शाम तक उसे बंधक बनाए रखा गया और बाद में उक्त सभी उसे छोड़कर फरार हो गए। सामूहिक बलात्कार से सहमी वह घर पहुंची लेकिन डर के मारे पति को कोई बात नहीं बताई। अगले दिन वह अपनी मां के घर गई और उसे सारी घटना के बारे मेें बताया। पीड़िता की मां ने दामाद को अपने पास बुलाया और उसकी पत्नी के साथ हुई सारी बात बताई।
पीड़िता का कहना है कि उसका पति और अन्य परिजन उसे लेकर बड़ागुढ़ा थाना पहुंचे। पुलिस को सारी बात बताई लेकिन बड़ागुढ़ा थाना पुलिस ने कोई सुनवाई नहीं की। इसके बाद परिवार वाले सिरसा स्थित महिला पुलिस थाने पहुंचे। महिला ने लिखित में अपनी शिकायत दी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं होने पर पीड़िता ने सीएम विंडो में मुख्यमंत्री के नाम अपनी शिकायत दी। साथ ही ािर्रवाई न होने पर जान देने की धमकी भी दी। सीएम विंडो में शिकायत करने के बाद महिला थाना पुलिस ने दो नामजद और तीन अन्य आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।