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पुत्रवधु और मुंह बोले मामा को उम्रकैद दोनों पर किया दोनों 30-30 हजार रुपये जुर्माना

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अमर उजाला ब्यूरो
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सिरसा।
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रवीण कुमार की अदालत ने खाने में नशे की दवाई मिलाकर सास की हत्या करने के मामले में आरोपी बहू और उसके साथी युवक को दोषी करार देते हुए उम्रकैद सुनाई। इस मामले में अदालत ने मंगलवार को दोनों आरोपियों को दोषी करार देते हुए फैसला बुधवार तक के लिए सुरक्षित रख लिया था।
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मामले के अनुसार फ्रेंड्स कॉलोनी निवासी भूपेंद्र सिंह की शादी वर्ष 2014 को गांव जगमलेरा निवासी मलकीत कौर के साथ हुई थी। कुछ महीनों बाद एक दिन भूपेंद्र सिंह और मलकीत कौर गुरुद्वारे में मत्था टेकने के लिए गए। वहां भूपेंद्र ने मलकीत कौर को एक युवक से बातचीत करते हुए देखा। घर लौटकर उसने मलकीत से युवक के बारे में पूछा तो उसने बताया कि उक्त युवक का नाम गुरजीत है और वह उसका रिश्ते में मामा लगता है। कई दिन बीतने के बाद उक्त युवक मलकीत कौर से मिलने घर आया। मां बलबीर कौर ने भूपेंद्र सिंह से कहा कि उसके पीछे से एक युवक काफी बार मलकीत कौर से मिलने आता है। इसके बाद पति-पत्नी के बीच मन मुटाव रहने लगा। 17 मार्च 2015 को भूपेंद्र के मामा बलदेव सिंह के घर में पाठ रखा हुआ था। परिवार के लोग इस धार्मिक आयोजन में शामिल होने चले गए। पीछे से सास बलबीर कौर और मलकीत कौर घर में अकेली थीं। मलकीत कौर ने रात को खाना बनाया और सास को खाना परोसते समय उसमें अधिक मात्रा में नशे की दवा मिला दी। रात को उसने अपने मुंह बोले मामा गुरजीत निवासी गांव नाईवाला को फोन करके बुला लिया। मलकीत कौर व गुरजीत घर से सारे गहने व नकदी निकालकर फरार हो गए। सुबह परिजन घर लौटे तो बलबीर कौर अचेत हालत में चारपाई पर मिली। उसे तुरंत उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शहर थाना पुलिस ने भूपेंद्र सिंह की शिकायत पर मलकीत कौर व गुरजीत के खिलाफ केस दर्ज करके दोनों को गिरफ्तार कर लिया। तीन साल तक अदालत में चले इस मामले का निपटारा करते हुए एडीजे प्रवीण कुमार की अदालत ने मंगलवार दोपहर मलकीत कौर व गुरजीत को हत्या का दोषी करार देते हुए सजा का फैसला बुधवार तक सुरक्षित रख लिया। अदालत ने बुधवार को इस मामले में मलकीत कौर व गुरजीत को उम्रकैद सुनाई। साथ ही दोनों 30-30 हजार रुपये जुर्माना लगाया। जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
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