अमीर बनने के लालच में शुरू किया नकली नोटों का कारोबार
सिरसा। एंटी नारकोटिक्स सैल पुलिस ने मंगलवार रात शहर के चतरगढ़पट्टी स्थित एक मकान में दबिश देकर नकली नोट बनाने वाले गिरोह का भंड़ाफोड़ करते हुए सरगना सहित दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में गिरोह के सरगना चतरगढ़पट्टी निवासी बलवंत निवासी खुलासा किया कि 20 दिन पहले उसके मन में नकली नोट छापकर मोटा माल करने का आइडिया आया था। उसने इस संबंध में अपने दोस्त विनोद निवासी ने जाडेला कलां को इसके बारे में बताया। इसके बाद दोनों ने मिलकर यूट्यूब पर नकली नोट बनाने का वीडियो देखा। वीडियो को देखकर बलवंत ने शुरू में कंप्यूटर पर 100-100 रुपये के नकली नोट तैयार करने शुरू कर दिए और डिजिटल रंगीन प्रिंटर से सैकड़ों नकली नोटों के सैंपल निकाल कर देखे। इसके बाद 100 रुपये का एक नोट बाजार में चलाने के लिए अपने साथी अमरजीत निवासी चतरगढ़पट्टी को दिया। पेट्रोल पंप में 100 रुपये का नकली नोट चलने के बाद बलवंत की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। इसके बाद बलवंत व विनोद ने 100-100 के 700 नकली नोट छाप दिए। इनमें से तीस हजार रुपये बाजार में चलाने के लिए अमरजीत को दिए। बलवंत ने पूछताछ में बताया कि उसने दस हजार के बदले नकली 40 हजार रुपये का सौदा कई लोगों से तय किया था। एक शख्स को 40 हजार रुपये की डिलीवरी देने थी।
घंटो तक देखा यूट्यूब पर वीडियो
बलवंत शहर के कई फोटो स्टूडियो की फोटो एलबम तैयार करने का काम लेता था। उसका कहना है कि इस काम में ज्यादा कमाई नहीं थी। एक दिन उसके मन में ख्याल आया कि फोटोशॉप से नकली नोट तैयार किए जा सकते हैं। इसके लिए उसने यू ट्यूब पर घंटों तक नकली नोट बनाने के वीडियो देखे। बलवंत को वीडियो देखकर लगा कि वो नकली नोट आसानी से तैयार कर लेगा। इसके लिए सारा जरूरी सामान उसके पास घर में मौजूद था। उसे लगा कि एक बार नकली नोट छापना शुरू किए तो कम समय में अमीर बनने का सपना पूरा हो जाएगा।
अब शॉटकट नहीं
गिरफ्तारी के बाद बलवंत को अपने किए पर दुख हो रहा है। बलवंत का कहना है कि उसे ये मालूम नहीं था कि नकली नोट तैयार करना इतना बड़ा अपराध है। जल्द अमीर बनने की सोच ने उसे इस धंधे में धकेल दिया। भविष्य में कभी रुपये कमाने का शॉर्टकट रास्ता नहीं अपनाउंगा।
जेल पहुंचे आरोपी
पुलिस ने बुधवार दोपहर आरोपी बलवंत व विनोद को अदालत में पेश किया। अदालत ने आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया। जांच अधिकारी सुखदेव ने बताया कि आरोपियों से सारी बरामदगी हो चुकी है। इनका एक साथी अमरजीत निवासी चतरगढ़पट्टी अभी फरार है। जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
ये है पूरा मामला
स्पेशल एंटी नारकोटिक्स सेल के प्रभारी इंस्पेक्टर अजय कुमार को गुप्ता सूचना मिली थी कि चतरगढ़पट्टी में नकली नोट छापने का धंधा एक मकान में चल रहा है। सूचना के आधार पर एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम ने चतरगढ़पट्टी निवासी बलवंत के मकान में छापामारी की। पुलिस मकान में मौजूद बलवंत झोपड़ा हाल चत्तरगढ़पट्टी व विनोद कुमार नेजाडेला कलां को काबू कर कमरे की तलाशी ली। तलाशी के दौरान कमरे में 40 हजार रुपये के नकली करेंसी नोट, 54 पेज पर छपे अधूरे नोट, एक कंप्यूटर, एक प्रिंटर, एक सीपीयू, वायर, नोट छापने में इस्तेमाल पेपर बरामद हुआ। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ शहर थाना सिरसा में मामला दर्ज किया।