गांव दादू में मंगलवार देर रात्रि पूर्व कबड्डी खिलाड़ी व मौजूदा कबड्डी रैफरी जगराज सिंह पर पुरानी रंजिश के चलते गांव फग्गू निवासी जगजीत सिंह व अजायब सिंह, संतोख सिंह निवासी गांव मलड़ी, सरपंच प्रतिनिधि जगसीर सिंह निवासी गांव तख्तमल, गगनदीप सिंह निवासी पीरकोट बठिंडा ने हमला कर दिया था। गोली लगने से जगराज सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया था। जिसे घायलावस्था में आसपास के लोगों ने निजी वाहन की सहायता से ओढां के सामुदायिक स्वास्थय केंद्र में भर्ती करवाया था। जहां से जगराज सिंह की गंभीर हालत को देखते हुए सिरसा रेफर कर दिया था। घटना के बाद कालांवाली पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनाक्रम का जायजा लिया और पांचों आरोपियों पर मामला दर्ज करके छानबीन शुरू कर दी।
घायल जगराज सिंह के करीब 19 वर्षीय पुत्र लखविंद्र सिंह निवासी गांव दादू ने बताया कि वह बीए द्वितीय वर्ष की पढ़ाई कर रहा है। वे पिछले साल गांव दादू में ही अपना मकान बना रहे थे। इस दौरान उन्होंने एक ट्राला रेता मकान बनाने के लिए गिरवाया था। जिसके बाद देशभर में कोरोना संक्रमण को लेकर लॉक डाउन लग गया और मकान का कार्य बंद करना पड़ा। लॉक डाउन के चलते दुकानें बंद होने के कारण जगजीत सिंह, उसके पिता जगराज सिंह से 3 ट्राली रेता मकान बनाने के लिए ले गया। जिसके उसके पिता जगराज सिंह ने जगजीत सिंह से रुपये लेने थे। लेकिन एक वर्ष बीत जाने के बाद भी जगजीत सिंह रेत के रुपये नहीं दे रहा था।
उसके पिता जगराज सिंह की ओर से रेत के रुपये मांगने पर वह उनसे रंजिश रखने लगा। रंजिश के चलते जगजीत सिंह ने उन्हें अप्रैल में गांव फग्गू में हुए विशाल कबड्डी टूर्नामेंट में भी रैफरी के लिए गांव में न पहुंचने की धमकी दी थी। इसी रंजिश के चलते ही जगजीत सिंह अपने साथियों अजायब सिंह, संतोख सिंह, जगसीर सिंह, गगनदीप सिंह के साथ मंगलवार देर रात उनके घर पहुंचा और उसके पिता जगराज सिंह को आवाज दी। आवाज सुनकर वह खुद और उसके पिता जगराज सिंह घर से बाहर आए। अजायब सिंह ने उसके पिता जगराज सिंह पर जान से मारने की नियत से सीधा फायर किया। जोकि जगराज सिंह की जांघ में लगा। इसके बाद जगजीत सिंह ने सीधा फायर किया। जोकि उसके नीचे बैठने पर ऊपर से गुजर गया। जिसके बाद उसकी तरफ से शोर मचाने के बाद पांच हमलावर मौके से फरार हो गए। उसके पिता जगराज सिंह को घायलावस्था में निजी वाहन की सहायता से ओढां के सामुदायिक स्वास्थय केंद्र में भर्ती करवाया। जगराज सिंह की गंभीर हालत को देखते हुए सिरसा रेफर कर दिया। अब सिरसा के निजी अस्पताल में जगराज सिंह का इलाज चल रहा है।
घटना के बाद कालांवाली पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का जायजा लिया और कई महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त की। इसके अलावा कालांवाली पुलिस ने जगराज सिंह के बेटे लखविंद्र सिंह के बयान के आधार पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वहीं कालांवाली थाना प्रभारी राजा राम ने बताया कि पुलिस टीमें लगातार उक्त मामलें में लगी हुई है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।