सिरसा। साल 1977 देश में कांग्रेस पार्टी के प्रति काफी खिलाफत देखी जा रही थी। पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी द्वारा लगाए गए आपातकाल से पूरे देश की जनता नाराज चल रही थी। इसका असर सिरसा लोकसभा सीट पर भी देखने को मिला था। इस सीट से भारतीय लोकदल के चांदराम ने सर्वाधिक 68.44 फीसदी मत लेकर जीत हासिल की थी। मत प्रतिशत से जीत के हिसाब से चांदराम का रिकॉर्ड आज तक नहीं टूटा है।
वैसे तो सिरसा लोकसभा सीट पर अब तक कांग्रेस का ही दबदबा रहा है। पंजाब से अलग होने के बाद हरियाणा बनने के बाद कांग्रेस से 4 बार चौधरी दलबीर सिंह, दो बार उनकी बेटी कुमारी सैलजा तथा 1-1 बार आत्मा सिंह गिल व अशोक तंवर यहां से जीत चुके हैं। इसके अलावा चौधरी देवीलाल परिवार का भी इस सीट पर काफी प्रभाव रहा है। चौधरी देवीलाल के खास चांदराम 1977 में, हेतराम जनता दल से, डॉ. सुशील इंदौरा चौटाला परिवार समर्थित हरियाणा लोकदल राष्ट्रीय से 1998 में व 1999 में इनेलो की टिकट पर यहां से सांसद रह चुके हैं। 2014 में चरणजीत रोड़ी भी इनेलो की सीट पर यहां से सांसद रह चुके हैं। भाजपा का यहां पर पहली बार 2019 में खाता खुला। यहां से सुनीता दुग्गल भाजपा की सीट से लोकसभा में पहुंची।
वोट प्रतिशत के मामले में अब तक नहीं टूटा चांदराम का रिकॉर्ड
1967 से लेकर अब तक सिरसा लोकसभा सीट पर 14 आम चुनाव हो चुके हैं। इस सीट पर सर्वाधिक मत प्रतिशत लेकर जीत का रिकॉर्ड आज भी भारतीय लोकदल के चांदराम के नाम है। 1977 में जब पूरे देश में कांग्रेस विरोधी लहर चल रही थी, तो इस सीट पर इसका फायदा चांदराम को मिला। चांदराम ने इस चुनाव में 68.44 फीसदी मत हासिल किए थे। उन्होंने कांग्रेस के दलबीर सिंह को हराया था। दलबीर सिंह काे उस समय 29.74 फीसदी मतों से ही संतोष करना पड़ा था। हालांकि मत प्रतिशत के मामले में चौधरी दलबीर सिंह भी काफी पीछे नहीं है। 1971 के हुए आम चुनाव में उन्होंने सिरसा से 67.26 फीसदी मत हासिल करके विशाल हरियाणा पार्टी के जगन्नाथ को मात दी थी। जगन्नाथ को इस चुनाव में 28.96 फीसदी मत हासिल हुए थे।
तंवर व डॉ. सीताराम के बीच सबसे नजदीक हार जीत का रिकॉर्ड
2009 में कांग्रेस से डॉ. अशोक तंवर ने सिरसा लोकसभा सीट से मैदान में थे। उनके सामने इनेलो के डॉ. सीताराम थे। मतों के हिसाब से यह अब तक का सबसे नजदीकी चुनाव रहा है। इस चुनाव में तंवर ने डॉ. सीताराम को 35,499 मतों से मात दी थी। तंवर को 31.74 फीसदी व डॉ. सीताराम को 29.03 फीसदी मत मिले थे।
सिरसा लोस पर प्रत्याशियों को मिले मत प्रतिशत की टेबल
वर्ष 1967
1. दलबीर सिंह कांग्रेस 45.46 फीसदी
2. टी सिंह, निर्दलीय 09 फीसदी
वर्ष 1971
दलबीर सिंह कांग्रेस 67.26 फीसदी
जगन्नाथ, विशाल हरियाणा पार्टी 28.96 फीसदी
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वर्ष 1977
चांदराम भारतीय लोकदल 68.44 फीसदी
दलबीर सिंह कांग्रेस 29.44 फीसदी
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वर्ष 1980
दलबीर सिंह कांग्रेस 37.04 फीसदी
फूलचंद जनता पार्टी सेक्यूलर 31.84 फीसदी
वर्ष 1984
दलबीर सिंह कांग्रेस 54.66 फीसदी
मनीराम लोकदल 38.54 फीसदी
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वर्ष 1989
हेतराम जनता दल 49.80 फीसदी
मनीराम कांग्रेस 43.52 फीसदी
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वर्ष 1991
कुमारी सैलजा कांग्रेस 42.92 फीसदी
हेतराम जनता पार्टी 28.15 फीसदी
वर्ष 1996
कुमारी सैलजा कांग्रेस 33.05 फीसदी
डॉ. सुशील इंदौरा समता पार्टी 31.66 फीसदी
वर्ष 1998
डॉ. सुशील इंदौरा हलोदरा 42.33 फीसदी
कुमारी सैलजा कांग्रेस 29.48 फीसदी
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वर्ष 1999
डॉ. सुशील इंदौरा इनेलो 65.98 फीसदी
ओमप्रकाश कांग्रेस 31.40 फीसदी
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वर्ष 2004
आत्मा सिंह गिल कांग्रेस 41 फीसदी
डॉ. सुशील इंदौरा इनेलो 33.01 फीसदी
वर्ष 2009
डॉ. अशोक तंवर कांग्रेस 31.74 फीसदी
डॉ. सीताराम इनेलो 29.03 फीसदी
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वर्ष 2014
चरणजीत रोड़ी इनेलो 30.49 फीसदी
डॉ. अशोक तंवर कांग्रेस 23.52 फीसदी
वर्ष 2019
सुनीता दुग्गल भाजपा 52.13 फीसदी
डॉ. अशोक तंवर कांग्रेस 29.51 फीसदी